
फूड पॉइजनिंग से हो सकती है बड़ी परेशानी, बचाव के लिए अपनाएं ये 5 घरेलू नुस्खे
क्या है खबर?
फूड पॉइजनिंग एक सामान्य समस्या है, जो हानिकारक बैक्टीरिया या वायरस से दूषित भोजन के सेवन से होती है।
इसमें पेट दर्द, उल्टी और मतली जैसी समस्याएं होती हैं और अगर समय पर और सही तरीके से इसका उपचार न किया जाए तो ये समस्या जानलेवा भी साबित हो सकती है।
चलिए फिर इस समस्या से राहत पाने के लिए आज हम आपको 5 असरदार प्राकृतिक और घरेलू उपचार बताते हैं।
#1
अदरक का करें सेवन
अदरक एंटी-इंफ्लेमेटरी गुणों से भरपूर होती है। यह आपके खराब पेट को ठीक करने और उल्टी से राहत दिलाने में मदद करती है।
लाभ के लिए एक कप पानी में एक बड़ी चम्मच कद्दूकस की हुई अदरक डालकर उबालें। स्वाद के लिए मिश्रण में थोड़ा शहद या चीनी मिलाएं और फिर इस पेय का सेवन करें।
सेहत के लिए अदरक बहुत लाभदायक है इसलिए आप इससे बनने वाले इन व्यंजनों को भी ट्राई कर सकते हैं।
#2
सेब का सिरका है उपयोगी
सेब के सिरके में एंटी-बैक्टीरियल गुण होते हैं, जो फूड पॉइजनिंग का कारण बनने वाले बैक्टीरिया के खिलाफ प्रभावी होते हैं।
लाभ के लिए थोड़े से गर्म पानी में 2 से 3 चम्मच सेब का सिरका मिलाएं और भोजन करने से पहले इसका सेवन करें। दिन में 2-3 बार इसका सेवन करना सुरक्षित होता है।
सेब के सिरके को डाइट में शामिल करने से आपके स्वास्थ्य को ये अन्य फायदे भी मिल सकते हैं।
#3
केला भी है प्रभावी
केला में पोटेशियम और फाइबर की मात्रा अधिक होती है, जिसके कारण यह हल्का और पचने में आसान होता है।
इस कारण यह फूड पॉइजनिंग के लक्षणों को कम करने में मदद करता है। लाभ के लिए आप रोजाना केले का सेवन कर सकते हैं।
इसके अलावा आप चाहें तो केले के टुकड़ों को दही में मिलाकर या केले के पेस्ट को दूध में मिलाकर भी इसका सेवन कर सकते हैं।
#4
लहसुन का इस तरह करें इस्तेमाल
लहसुन एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-वायरल और एंटी-फंगल गुणों से भरपूर होता है। यह फूड पॉइजनिंग के दौरान होने वाले लक्षणों से राहत दिलाने में मदद कर सकता है।
लाभ के लिए एक लहसुन की कली को पानी के साथ निगल लें या फिर उसका रस पी लें।
आप चाहें तो भोजन करने के बाद अपने पेट पर लहसुन का तेल भी लगा सकते हैं।
लहसुन के तेल के इस्तेमाल से स्वास्थ्य को ये फायदे भी मिलते हैं।
#5
तुलसी का पानी है सहायक
तुलसी के पत्तों का इस्तेमाल कई बीमारियों को ठीक करने के लिए किया जाता है। इसी तरह यह आपको फूड पॉइजनिंग से राहत दिलाने में मदद करता है।
इसमें मौजूद एंटी-बैक्टीरियल गुण खाद्य जनित रोगजनकों को मारने के लिए जाने जाते हैं।
लाभ के लिए तुलसी के कुछ पत्तों को पीसकर उसका रस निकालें और फिर उसमें एक चम्मच शहद मिलाकर उसका सेवन करें।
तुलसी का पानी पीने से फूड पॉइजनिंग के अलावा इन समस्याओं से भी राहत मिलेगी।