
किसान संकट का समाधान करने की जरूरत, नहीं तो लोग गांवों में नहीं घुसने देंगे- अमरिंदर
क्या है खबर?
पंजाब के पूर्व मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह ने कहा है कि केंद्र सरकार को तीनों नए कृषि कानूनों को वापस लेना होगा। अगर ऐसा नहीं किया जाता है तो पंजाब के ग्रामीण अगले साल होने वाले विधानसभा चुनावों के लिए राजनीतिक दलों को प्रचार नहीं करने देंगे।
उन्होंने कहा, "अगर आप किसानों के मुद्दों का समाधान नहीं निकालते हैं तो हम में से कोई भी प्रचार नहीं कर पाएगा क्योंकि किसान आपको गांवों में घुसने ही नहीं देंगे।"
पृष्ठभूमि
क्या है तीन कृषि कानूनों को लेकर विवाद?
मोदी सरकार कृषि क्षेत्र में सुधार के लिए पिछले साल सितंबर में तीन नए कृषि कानून लाई थी।
इनमें सरकारी मंडियों के बाहर खरीद के लिए व्यापारिक इलाके बनाने, अनुबंध खेती को मंजूरी देने और कई अनाजों और दालों की भंडारण सीमा खत्म करने समेत कई प्रावधान किए गए हैं।
पंजाब और हरियाणा समेत कई राज्यों के किसान इन कानूनों का विरोध कर रहे हैं। उनका कहना है कि इनके जरिये सरकार मंडियों और MSP से छुटकारा पाना चाहती है।
बयान
अमरिंदर सिंह ने आंदोलन को लेकर जताई चिंता
इंडियन एक्सप्रेस के एक कार्यक्रम में बोलते हुए पूर्व कांग्रेस नेता सिंह ने कहा कि भारत सरकार को किसान संकट का हल निकालना चाहिए। ये हथियार क्यों आ रहे हैं? पंजाब एक शांति बनी हुई है और यहां कोई (आतंकी) रिक्रूट नहीं है। ये रिक्रूट कहां से आएंगे... आंदोलन से।
उन्होंने आगे कहा, "मैं कह रहा हूं कि ये मुद्दा समाप्त करिये और (पाकिस्तान की तरफ से आ रहे) ड्रोन का भी ध्यान रखिये।"
प्रतिक्रिया
BSF का क्षेत्राधिकार बढ़ाए जाने पर क्या बोले सिंह?
केंद्र सरकार ने बीते दिनों सीमा सुरक्षा को मजबूत करने के लिए पंजाब समेत कई राज्यों में सीमा सुरक्षा बल (BSF) के अधिकार क्षेत्र को बढ़ाने का फैसला किया था। पंजाब सरकार ने विधानसभा में इसके खिलाफ प्रस्ताव पारित किया है।
इस पर प्रतिक्रिया देते हुए सिंह ने क्षेत्राधिकार बढ़ाने की जरूरत बताई है। उन्होंने कहा कि उनके कार्यकाल में एक ड्रोन पंजाब की सीमा के 31 किलोमीटर अंदर तक घुस आया था, जो BSF के क्षेत्राधिकार से बाहर था।
कांग्रेस
सिंह बोले- कांग्रेस को अपने नेताओं की बात सुननी चाहिए
कांग्रेस में बदलाव की मांग उठाने वाले 'G-23 समूह' पर बोलते हुए अमरिंदर सिंह ने कहा कि अब वो पार्टी का हिस्सा नहीं हैं, लेकिन उन्हें लगता है कि मनीष तिवारी, गुलाम नबी आजाद, शशि थरूर और कपिल सिब्बल जैसे नेताओं की बात सुनी जानी चाहिए।
उन्होंने कहा, "अगर आप सोच रहे हैं कि आप बुजुर्ग पीढ़ी को दरकिनार कर शुरुआत से शुरू करेंगे तो मुझे लगता है कि यह काम नहीं करेगा।"
जानकारी
नई पार्टी बना चुके हैं अमरिंदर सिंह
कांग्रेस छोड़ने के बाद अमरिंदर सिंह अपनी नई पार्टी पंजाब लोक कांग्रेस का गठन कर चुके हैं। उनका कहना है कि अगर केंद्र सरकार कृषि संकट का समाधान किसानों के हित में निकालती है तो वो भाजपा के साथ गठबंधन कर सकते हैं।
बता दें कि अमरिंदर सिंह नौ साल तक पंजाब के मुख्यमंत्री रहे हैं। कांग्रेस में अंदरूनी खींचतान बढ़ने के बाद पार्टी नेतृत्व ने उन्हें इस्तीफा देने पर मजबूर कर दिया था।