
#NewsBytesExplainer: इजरायल-लेबनान के बीच स्थित ब्लू लाइन क्या है और यहां क्या करते हैं भारतीय सैनिक?
क्या है खबर?
इजरायल और लेबनान के बीच युद्ध शुरू हो चुका है। दोनों एक-दूसरे पर हमले कर रहे हैं, जिसमें सैकड़ों लोगों की मौत हो गई है। खबर है कि इजरायली सेना अब लेबनान में घुसने की तैयारी कर रही है।
इस बीच ब्लू लाइन को लेकर चर्चाएं हो रही हैं। खास बात है कि दोनों देशों के बीच स्थित इस सीमा पर भारतीय सैनिक भी तैनात रहते हैं।
आइए आज ब्लू लाइन के बारे में जानते हैं।
ब्लू लाइन
क्या है ब्लू लाइन?
ब्लू लाइन इजरायल, लेबनान और इजरायली कब्जे वाले गोलान हाइट्स के विवादित क्षेत्रों को अलग करने वाली सीमा है।
यह एक वास्तविक सीमा नहीं है, बल्कि दोनों को अलग करने वाली एक काल्पनिक रेखा है। इसे मई, 2000 में संयुक्त राष्ट्र (UN) द्वारा बनाया गया था, जब इजरायल ने दक्षिणी लेबनान के उन क्षेत्रों से वापस ले लिया था, जिन पर उसने 1978 में आक्रमण करना शुरू किया था।
स्थापना
कैसे बनी ब्लू लाइन?
मार्च, 1978 में फिलिस्तीन मुक्ति संगठन (PLO) के कार्यकर्ताओं ने 37 इजरायलियों की हत्या कर दी थी। इसके बाद इजरायली सेना दक्षिणी लेबनान में घुसी और कुछ ही दिन में इस पर कब्जा कर लिया।
इस बीच लेबनान की सरकार UN में पहुंच गई। UN ने इजरायल से अपनी सेना वापस बुलाने को कहा। आखिरकार साल 2000 में इजरायली सेना ने इस इलाके से वापसी की। जहां से सेना लौटी थी, उसे ब्लू लाइन कहा जाता है।
लंबाई
कितनी लंबी है ब्लू लाइन?
ब्लू लाइन करीब 120 किलोमीटर लंबी है। हालांकि, ये कई पुराने नक्शों पर आधारित है और काल्पनिक है, इसलिए कई जगहों पर इजरायल और लेबनान दोनों अपना-अपना दावा करते हैं।
इनमें गजर गांव, शेबा फार्म और कफरचौबा के आसपास की पहाड़ियां शामिल हैं। 39 वर्ग किलोमीटर में फैला शेबा फार्म गोलान हाइट्स में हैं। 1967 के युद्ध में इजरायल ने इसपर कब्जा कर लिया था। इसके अलावा भी ब्लू लाइन पर कई विवादित क्षेत्र हैं।
निगरानी
कौन करता है ब्लू लाइन की निगरानी?
ब्लू लाइन लेबनान और इजरायल के बीच एक बफर जोन जैसा है। इसकी निगरानी लेबनान में संयुक्त राष्ट्र अंतरिम बल (UNIFIL) द्वारा की जाती है।
जब भी इजरायली या लेबनानी अधिकारी ब्लू लाइन के करीब कोई रखरखाव या सुरक्षा गतिविधि करना चाहते हैं तो उन्हें UNFIL को इसकी जानकारी देनी होती है।
इस सीमा पर UNFIL की सेना खड़ी रहती है, ताकि शांति बरकरार रहे। इसमें कई अन्य देशों के जवान भी होते हैं।
भारतीय सैनिक?
ब्लू लाइन पर क्या करते हैं भारतीय सैनिक?
UN के अलग-अलग शांति मिशन में भारतीय सेना भी हिस्सा लेती रही है। यही वजह है कि ब्लू लाइन पर भी भारतीय सैनिक तैनात रहते हैं।
यहां UNFIL की सेना 2 हिस्सों में बंटी है- पूर्व और पश्चिम। दोनों सेक्टर में 3 से 4 बटालियन तैनात है। भारतीय बटालियन पूर्वी सेक्टर में गोलन हाइट्स के पास तैनात हैं।
इनकी संख्या करीब 600 के आसपास है। ये केवल सीमा पर शांति बनाए रखने का काम करते हैं।
युद्ध
इजरायल लेबनान के बीच क्यों हो रहा है युद्ध?
17-18 सितंबर को लेबनान में हिज्बुल्लाह लड़ाकों के पेजर और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों में धमाके हुए थे। लेबनान ने इसका आरोप इजरायल पर लगाया था और बदला लेने की कसम खाई थी।
इसके बाद से ही दोनों के बीच युद्ध चल रहा है। इजरायली हमलों में लेबनान में 620 लोगों की मौत हो गई है। इनमें 50 बच्चे भी शामिल हैं।
लेबनान की ओर से भी इजरायल पर रॉकेट और मिसाइल दागी जा रही है।