
डाइट में शामिल करें केल, मिलेंगे कई स्वास्थ्य संबंधित लाभ
क्या है खबर?
केल एक ऐसी पत्तेदार सब्जी है जिसके सेवन से शरीर को स्वस्थ रखा जा सकता है।
इसमें एंटी-ऑक्सीडेंट, विटामिन-A, कैल्शियम, फास्फोरस, पोटैशियम और कई अन्य पोषक तत्वों की भरपूर मात्रा होती है।
केल के सेवन से शरीर को रोगों से बचे रहने में मदद मिलने के साथ यह त्वचा को पोषित रखने में भी सहायक है।
अगर आप इसके फायदों के बारे में नहीं जानते हैं तो आइए आज हम आपको उनके बारे में बताते हैं।
जानकारी
केल क्या है और इसके कितने प्रकार हैं?
केल एक हरी पत्तेदार सब्जी है और इसका वनस्पतिक नाम ब्रैसिका ओलेरासिया है। कुछ लोग इसे 'करम साग' भी कहते हैं। यह चार प्रकार की होती है।
कर्ली- यह सबसे आम किस्म है जिसमें काली मिर्च का स्वाद होता है।
लैकिनाटो- इसे टस्कन केल, टस्कन गोभी या डायनासोर केल भी कहा जाता है।
रेडबोर- इसके पत्ते गहरे लाल से लेकर बैंगनी होते हैं।
रशियन केल- इसे साइबेरियन केल भी कहा जाता है, जिसमें सपाट और झालरदार पत्ते होते हैं।
#1
कैंसर का खतरा कम करने में सहायक
केल कैंसर के खतरों को कम करने में फायदेमंद साबित हो सकती है।
इसका कारण है कि इसमें मौजूद क्लोरोफिल शरीर को हेट्रोसायक्लिक एमाइन नामक यौगिकों को अवशोषित करने से रोकने में मदद करता है।
हेट्रोसायक्लिक कैंसर से जुड़े रसायन हैं जो शरीर में इस गंभीर बीमारी को उत्पन्न करते हैं।
इसके अतिरिक्त, केल में एंटी-कैंसर गुण भी होते हैं, जो कैंसर को बढ़ने से रोकने में मदद कर सकते हैं।
#2
हृदय रोगों से रखे सुरक्षित
अगर आप केल को डाइट में शामिल करते हैं तो यह हृदय रोगों से सुरक्षा प्रदान करने में भी मदद कर सकता है।
एक शोध के मुताबिक, केल में पित्त एसिड सिक्वेस्ट्रेंट नामक यौगिक होते हैं जो खराब कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करके अच्छे कोलेस्ट्रॉल को बढ़ाने के लिए जाने जाते हैं।
इसके अतिरिक्त, इसमें विटामिन-C और विटामिन-K समेत ओमेगा-3 फैटी एसिड भी शामिल होता है।
ये सभी पोषक तत्व हृदय को स्वस्थ रखने में कारगर होते हैं।
#3
पाचन क्रिया के लिए है बेहद फायदेमंद
केल में कई तरह के एंटी-ऑक्सीडेंट मौजूद होते हैं जो पाचन क्रिया में सुधार के लिए बहुत लाभप्रद हैं।
बता दें कि एंटी-ऑक्सीडेंट शरीर में गैस्ट्रिक एंजाइम के उत्पादन को सुविधाजनक बनाकर पाचन क्रिया को बेहतर बनाने का काम करते हैं।
इसके साथ ही केल में शामिल एंटी-माइक्रोबियल और एंटी-वायरस गुण पाचन संबंधित समस्याओं जैसे सूजन, कब्ज और अपच से भी निजात दिलाने में सहायक साबित हो सकते हैं।
#4
मस्तिष्क की कार्यप्रणाली को करे बेहतर
केल को नियासिन और विटामिन-E जैसे पोषक गुणों का अच्छा स्रोत माना जाता है। ये दोनों गुण मस्तिष्क को स्वस्थ बनाए रखने में सहायक हो सकते हैं।
यही नहीं, ये गुण अल्जाइमर (याददाश्त संबंधित रोग) और उम्र के साथ दिखाई देने वाली मानसिक कमजोरी को भी कम करने में सक्षम है।
इस आधार पर कहा जा सकता है केल का सेवन मस्तिष्क कार्यप्रणाली में सुधार ला सकता है।
#5
रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूती देने में सक्षम
कुछ लोगों की रोग प्रतिरोधक क्षमता कमजोर होती है और वह मौसम में थोड़ा सा बदलाव होते ही कई बीमार पड़ जाते हैं। ऐसे में केल का इस्तेमाल उन लोगों के बेहतर साबित हो सकता है।
इसका कारण यह है कि केल में सल्फोराफेन पाया जाता है और यह शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूती देने का काम करता है।
ऐसे में अपनी डाइट में केल को शामिल करते हुए आप बीमारियों से काफी हद तक बच सकते हैं।