
पहाड़ी इलाकों में उड़ान भरते रहेंगे AN-32 एयरक्राफ्ट, अभी कोई विकल्प नहीं- वायुसेना प्रमुख
क्या है खबर?
भारतीय वायुसेना (IAF) प्रमुख बीरेंद्र सिंह धनोआ ने कहा कि IAF AN-32 विमान का इस्तेमाल जारी रखेगी क्योंकि अभी इसका विकल्प नहीं है।
एक प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए धनोआ ने कहा कि पहाड़ी इलाकों में AN-32 एयरक्राफ्ट का इस्तेमाल जारी रहेगा।
अभी IAF के पास कोई दूसरा विकल्प नहीं है। बता दें कि हाल ही में असम से मेचुका जा रहा एक AN-32 विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया था, जिसमें वायुसेना के 13 जवान शहीद हो गए थे।
जानकारी
नए विमान आने तक जारी रहेगा प्रयोग
धनोआ ने कहा कि वायुसेना नए जल्द ही नए एयरक्राफ्ट खरीदने की प्रक्रिया शुरू करेगी, जिसके बाद इन विमानों को मुश्किल कामों के लिए इस्तेमाल नहीं किया जाएगा। नए विमान आने के बाद इनका ट्रेनिंग के लिए प्रयोग किया जाएगा।
AN-32 हादसा
10 दिन बाद मिला था विमान का मलबा
धनोआ का बयान उस वक्त आया है जब AN-32 हादसे के बाद इस विमान की सुरक्षा को लेकर कई सवाल उठ रहे हैं।
असम के जोरहाट से उड़ान भरकर अरुणाचल प्रदेश स्थित मेचुका जाने वाला विमान रास्ते में लापता हो गया था।
लंबे तलाशी अभियान के बाद विमान का मलबा मिला था। हादसे के 17 दिन बाद विमान में सवार 13 लोगों की लाश मिली थी।
हादसे की जांच जारी है और अभी तक इसकी वजह सामने नहीं आई है।
एयर स्ट्राइक
बालाकोट एयर स्ट्राइक के बारे में कही यह बात
इस प्रेस कॉन्फ्रेंस में वायुसेना प्रमुख धनोआ ने बालाकोट एयरस्ट्राइक के बारे में भी बात की।
उन्होंने कहा, "मैं आपको बता दूं कि पाकिस्तान हमारे एयर स्पेस में नहीं आया था। हमारा मकसद आतंकी कैंपों को निशाना बनाना और उनका मकसद हमारे सैन्य अड्डों को निशाना बनाना था। हमने हमारा सैन्य मकसद पूरा किया। उनका मकसद पूरा नहीं हो सका। किसी ने भी नियंत्रण रेखा पार नहीं की थी।"
ट्विटर पोस्ट
हमने सैन्य लक्ष्य हासिल किया- धनोआ
#WATCH BS Dhanoa, Indian Air Chief Marshal says,"On Balakot let me tell you, Pakistan didn't come into our airspace. Our objective was to strike terror camps their's was to target our army bases. We achieved our military objective. None of them crossed the Line of Control." pic.twitter.com/l5pt3xFcqa
— ANI (@ANI) June 24, 2019
एयरस्पेस
भारत ने 2-3 घंटे के लिए बंद किया था सिविल एविएशन- धनोआ
पाकिस्तान द्वारा एयरस्पेस बंद रखने की बात पर उन्होंने कहा कि यह उनकी दिक्कत है।
उन्होंने कहा कि सरकार वायुसेना को जो टास्क देती है वह उसके लिए हमेशा तैयार रहते हैं।
उन्होंने कहा कि भारत ने सिविल ट्रैफिक को कभी बंद नहीं किया। 27 फरवरी 2019 को केवल 2-3 घंटे के लिए हमने श्रीनगर एयरस्पेस को बंद किया था। पाकिस्तान के साथ तनाव हमारे सिविल एविएशन को बाधित नहीं करता क्योंकि हमारी अर्थव्यस्था उनसे बड़ी और मजबूत है।