
कार इंश्योरेंस का दावा करने के लिए इन दस्तावेजों की होती है जरूरत
क्या है खबर?
हम सभी काफी सोच-विचार करने के बाद अपनी गाड़ियों के लिए कार इंश्योरेंस कराते हैं ताकि जरूरत पड़ने पर यह हमें पूरी कवरेज दें।
पर क्या आपको पता है कि इंश्योरेंस का दावा करने के समय सिर्फ इंश्योरेंस पॉलिसी होना काफी नहीं है। इसके लिए कुछ अतिरिक्त दस्तावेजों का होना भी बहुत जरूरी है।
इसलिए आज हम बाजार में मौजूद विभिन्न तरह के कार इंश्योरेंस और उनमें दावा करने के समय लगने वाले दस्तावेजों के बारे में जानेंगे।
प्रक्रिया
कैसे करें इंश्योरेंस का दावा?
गाड़ी के नुकसान होने पर इंश्योरेंस का दावा करने के लिए आपको सबसे पहले अपने इंश्योरेंस कंपनी को इसकी जानकारी देनी होगी।
इसके अलावा नजदीकी पुलिस स्टेशन में एक FIR दर्ज करानी होगी।
सबूत के रूप में गाड़ी के नुकसान की कुछ तस्वीरें भी जरूर खींच लें। इसके बाद सर्वेक्षक आपकी गाड़ी का निरीक्षण करके कंपनी को एक रिपोर्ट भेजेगा।
बाद में कुछ जरूरी कागजात जमा करने के बाद आपको आपकी गाड़ी के हुए नुकसान का पूरा पैसा मिल जाएगा।
#1
थर्ड पार्टी इंश्योरेंस का दावा
थर्ड पार्टी इंश्योरेंस केवल थर्ड पार्टी के नुकसान को कवर करता है और आपके या आपकी कार के नुकसान को कवर नहीं करता है।
अगर आपसे किसी को या उसकी कार को नुकसान पहुंचा है तो आपको नजदीकी पुलिस स्टेशन में इसकी रिपोर्ट करानी होगी और इंश्योरेंस का दावा करने के समय इंश्योरेंस कंपनी को इसकी रिपोर्ट दिखानी होगी।
अगर इसमें आपको नुकसान हुआ है तो सामने वाले की गाड़ी का नंबर और मालिक का नाम भी चाहिए होगा।
#2
खुद के नुकसान का दावा
अगर आपको अपनी खुद की गाड़ी में हुए नुकसान के लिए इंश्योरेंस का दावा करना है तो इसके लिए जिस समय नुकसान हुआ हो उसी समय इंश्योरेंस कंपनी और पुलिस को इसकी जानकारी देनी होती है।
इसके बाद इंश्योरेंस कंपनी एक सर्वेक्षक को आपकी गाड़ी के पास भेजती है, जो आपकी गाड़ी में हुए नुकसान का निरीक्षण करता है।
उस समय तक आपको स्पॉट पर ही अपनी गाड़ी को रखना होता है।
#3
चोरी के मामले में दावा
अगर आपकी इंश्योरेंस पॉलिसी गाड़ी चोरी होने पर कवरेज देती है तो गाड़ी के चोरी होने की जानकारी मिलते ही सबसे पहले आपको इंश्योरेंस कंपनी के साथ-साथ पुलिस स्टेशन और क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (RTO) में इसकी जानकारी देनी होगी।
इसके साथ ही आपको चोरी हुई गाड़ी की चाभी भी इंश्योरेंस कंपनी को जमा करनी होगी।
हालांकि, कुछ अतिरिक्त दस्तावेज भी मांगे जाते हैं, जो पूर्ण रूप से आपकी इंश्योरेंस पॉलिसी और इसमें दिए जाने वाले कवरेज पर निर्भर करता है।