
इजरायल-हमास युद्ध के विस्तार की आशंका; ईरान का इजरायली ठिकानों पर हमला, अमेरिकी दूतावास बाल-बाल बचा
क्या है खबर?
ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने इराक के स्वायत्त कुर्दिस्तान के एरबिल में स्थित इजरायल के 'जासूसी मुख्यालय' पर हमला किया। कुछ मिसाइलें अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के पास गिरीं।
इराक की कुर्दिस्तान सुरक्षा परिषद के अनुसार, ईरान के हमलों में 4 लोगों की मौत हुई है और 6 अन्य घायल हुए हैं।
ईरान की सरकारी मीडिया ने बताया कि ये हमले सोमवार देर रात किए गए। ऐसे ही हमले सीरिया में ईरान विरोधी संगठनों पर भी किए गए।
सीरिया
ईरान ने क्यों किया इराक और सीरिया पर हमला?
IRGC ने इजरायली खुफिया एजेंसी मोसाद के ठिकानों पर किये गए हमले पर कहा, "इराक के कुर्दिस्तान क्षेत्र में इजरायल के मोसाद जासूसी मुख्यालय और 'ईरानी विरोधी आतंकवादी समूहों के जमावड़े' को बैलिस्टिक मिसाइलों से नष्ट कर दिया गया।"
इसी तरह उसे सीरिया पर किये हमले को हाल ही में जनरल कासिम सुलेमानी की बरसी पर हुए हमले का जवाब बताया।
कुर्दिस्तान डेमोक्रेटिक पार्टी ने कहा कि मारे गए नागरिकों में प्रमुख कारोबारी पेश्रा दिजायी भी शामिल हैं।
सीरिया
सीरिया ने हमले पर क्या कहा?
सीरिया के ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स वॉर मॉनिटर ने ईरान के हमलों पर कहा, "अलेप्पो और उसके ग्रामीण इलाकों में विस्फोट की आवाजें सुनाई दीं। यहां कम से कम 4 मिसाइलें गिरीं, जो भूमध्य सागर की दिशा से आईं थीं।"
बता दें कि 3 जनवरी को करमान में सुलेमानी के बरसी पर उन्हें श्रद्धांजलि देने पहुंचे लोगों पर हुए आत्मघाती हमले में करीब 90 लोगों की मौत हुई थी और सैंकड़ों घायल हुए। इसकी जिम्मेदारी इस्लामिक स्टेट ने ली थी।
निंदा
ईरान के हमले की अमेरिका ने की निंदा
अमेरिका के बाइडन प्रशासन ने कुर्दिस्तान के एरबिल में अमेरिकी वाणिज्य दूतावास के पास किये गए हमलों के लिए ईरान के IRGC की निंदा की और मारे गए लोगों के परिवारों के प्रति संवेदना व्यक्त की।
व्हाइट हाउस की राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद की प्रवक्ता एड्रिएन वॉटसन ने कहा कि अमेरिका स्थिति पर नजर बनाए हुए है।
अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता मैथ्यू मिलर ने कहा कि इराक और कुर्दिस्तान क्षेत्र की सरकारों का समर्थन करता है।
तनाव
इजरायल-हमास युद्ध के बाद से बढ़े हैं हमले
बता दें कि 7 अक्टूबर को इजरायल-हमास युद्ध शुरू होने के बाद से ईरान समर्थक IRGC ने सीरिया और इराक में अमेरिकी सेना के खिलाफ 100 से अधिक हमले किए हैं, जिसके जवाब में अमेरिका ने भी कई हमले किए हैं।
इससे पहले गुरुवार को बगदाद में अमेरिका के हवाई हमले में शिया मिलिशिया हरकत अल-नुजाबा के एक नेता और उनका एक सहयोगी मारे गए। इस हमले से बाइडन प्रशासन और इराकी सरकार के बीच तनाव बढ़ गया है।
मध्य पूर्व युद्ध
मध्य पूर्व क्षेत्र में युद्ध के और फैलने की आशंका
इजरायल-हमास युद्ध के बाद से मध्य पूर्व में तनाव बढ़त जा रहा है। इस युद्ध में लेबनान, इराक, सीरिया और यमन के सशस्त्र समूह शामिल हो गए हैं।
लाल सागर में नवंबर से यमन के हूती विद्रोहियों द्वारा वाणिज्यिक जहाजों और अमेरिकी नौसेना के जहाजों पर हमले जारी हैं। अमेरिका ने जवाबी कार्रवाई भी की थी।
दूसरी तरफ लेबनान में हमास के वरिष्ठ अधिकारी सालेह अल-अरौरी की हत्या के बाद से हिजबुल्लाह और इजरायल के बीच भी तनाव बढ़ा है।