
सिलिकॉन वैली बैंक के दिवालिया होने के बाद स्टार्टअप संस्थापकों से मिलेंगे केंद्रीय मंत्री राजीव चंद्रशेखर
क्या है खबर?
अमेरिका के सिलिकॉन वैली बैंक के दिवालिया होने के बाद भारतीय स्टार्टअप्स और कंपनियों की चिंताएं बढ़ गई हैं।
इस बीच इलेक्ट्रॉनिक्स एवं सूचना प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री राजीव चंद्रशेखर ने कहा है कि वे स्टार्टअप के संस्थापकों और CEO के साथ बैठक करेंगे, ताकि यह देखा जा सके कि संकट के समय सरकार उनकी क्या मदद कर सकती है।
उन्होंने कहा कि ये बैठक इसी सप्ताह की जा सकती है।
बयान
बैंक का बंद होना स्टार्टअप्स के लिए खतरे की घंटी- चंद्रशेखर
चंद्रशेखर ने एक ट्वीट में कहा, 'सिलिकॉन वैली बैंक का बंद होना निश्चित रूप से स्टार्टअप्स के लिए खतरे की घंटी है। स्टार्टअप्स नए भारत की अर्थव्यवस्था का महत्वपूर्ण हिस्सा हैं। मैं इस हफ्ते भारतीय स्टार्टअप्स के संस्थापकों से मिलूंगा, ताकि उन पर पड़ने वाले प्रभाव को समझ सकूं।'
इंडियन एक्सप्रेस से बात करते हुए उन्होंने कहा, "हम अपने युवा भारतीयों का हर तरह से समर्थन करना चाहते हैं। बैंक की वजह से हम उनका विकास धीमा नहीं होने देंगे।"
नौकरी
एक लाख से अधिक नौकरियों पर खतरा
इस मामले में अमेरिका के वाई कॉम्बिनेटर ने अमेरिकी सचिव जेनेट येलेन को पत्र लिखकर आने वाले संकट को रोकने की पहल करने को कहा है। वाई कॉम्बिनेटर ने आशंका जताई है कि संकट अगर बढ़ा तो एक लाख लोगों की नौकरी जा सकती है।
वाई कॉम्बिनेटर के CEO ने कहा है कि उनके निवेश किए गए करीब एक तिहाई स्टार्टअप का सिलिकॉन वैली बैंक में अकाउंट है, इस वजह से कर्मचारियों को वेतन देने में परेशानी होगी।
भारत पर असर
भारतीय स्टार्टअप्स पर हो सकता है बैंक के बंद होने का असर
ट्रैक्सन डाटा के मुताबिक, सिलिकॉन वैली बैंक ने भारत में करीब 21 स्टार्टअप में निवेश कर रखा है। इनमें ब्लूस्टोन, पेटीएम, वन97 कम्युनिकेशन्स, पेटीएम मॉल, नापतोल, कारवाले, शादी डॉट कॉम, इनमोबी और लॉयल्टी रिवार्ड्ज जैसी कंपनियां और स्टार्टअप शामिल हैं।
भारतीय स्टार्टअप्स ने बैंक से पिछले साल 150 मिलियन डॉलर का निवेश जुटाया था। इस वजह से आशंका जताई जा रही है कि बैंक के बंद होने का असर इन कंपनियों पर पड़ सकता है।
बैंक
10 मार्च को बंद किया गया सिलिकॉन वैली बैंक
10 मार्च को अमेरिकी नियामक संस्थाओं ने बैंक को बंद कर दिया है।
दरअसल, बैंक की मूल कंपनी SVB फाइनेंशियल ग्रुप के शेयरों में बड़ी गिरावट आई थी। इस वजह से अमेरिकी बैंकों को स्टॉक मार्केट में 100 अरब डॉलर और यूरोपियन बैंकों को 50 अरब डॉलर का घाटा हुआ है।
इसके बाद बैंक को कारोबार करने से रोक दिया गया। बैंक की बैलेंस शीट भी नकारात्मक हो गई है।
अमेरिका
अमेरिका का 16वां सबसे बड़ा बैंक था सिलिकॉन वैली बैंक
सिलिकॉन वैली बैंक की स्थापना 1983 में बिल बिगरस्टाफ और रॉबर्ट मेडेरिस ने की थी।
भारत समेत दुनियाभर के कई देशों में बैंक कामकाज करता था। 40 साल बाद बैंक अमेरिका का 16वां सबसे बड़ा बैंक बन गया था।
इसका मुख्य काम तकनीक से जुड़ी कंपनियों और स्टार्टअप को आर्थिक मदद देने का था। वर्तमान में बैंक के पास करीब 210 अरब डॉलर की संपत्ति और 175.4 अरब डॉलर की जमा राशि है।