
चक्रवाती तूफान अम्फान के बाद पश्चिम बंगाल गए NDRF के 49 जवान कोरोना संक्रमित
क्या है खबर?
पिछले महीने आए चक्रवाती तूफान अम्फान के बाद पश्चिम बंगाल में राहत और बचाव अभियान चलाने वाले राष्ट्रीय आपदा प्रतिक्रिया बल (NDRF) के 49 जवानों में कोरोना संक्रमण की पुष्टि हुई है।
संक्रमित पाए गए जवान 190 जवानों की उस टीम का हिस्सा थे, जो ओडिशा से पश्चिम बंगाल गई थी।
गौरतलब है कि 20 मई को सदी के सबसे भयंकर चक्रवाती तूफान ने पश्चिम बंगाल और ओडिशा में भारी तबाही मचाई थी।
जानकारी
NDRF के महानिदेशक ने दी जानकारी
NDRF के महानिदेशक एसएन प्रधान ने जानकारी दी कि बंगाल से ओडिशा लौटे 190 जवानों का कोरोना वायरस टेस्ट किया गया था। इनमें से 50 संक्रमित पाए गए हैं। इनमें कोई लक्षण नहीं देखा गया है। फिलहाल इन सभी को निगरानी में रखा गया है।
बयान
पश्चिम बंगाल जाने से पहले पूरी तरह फिट थे जवान
NDRF के एक अधिकारी ने इस बारे में जानकारी देते हुए बताया कि पश्चिम बंगाल जाने से पहले नियमों के तहत सभी जवानों का कोरोना वायरस टेस्ट किया गया था, जो नेगेटिव आया। जब वो लौटकर आए तो फिर टेस्ट हुए, जिसमें 49 जवानों में कोरोना वायरस के संक्रमण की पुष्टि हुई है।
उन्होंने कहा, "किसी भी जवान में लक्षण नहीं हैं। हमें उम्मीद है कि सभी जवान जल्दी ही ठीक हो जाएंगे।"
कोरोना वायरस
अर्धसैनिक बलों के 1,500 से ज्यादा जवान संक्रमित
इंडियन एक्सप्रेस ने सूत्रों के हवाले से लिखा है कि संक्रमित जवानों की असली संख्या 49 है। यह अब तक NDRF में संक्रमित पाए गए जवानों की सबसे बड़ी संख्या है।
अगर सभी अर्धसैनिक बलों की बात करें तो देशभर में इनके 1,500 जवान संक्रमित हो चुके हैं।
अर्धसैनिक बलों में सबसे ज्यादा प्रभावित सीमा सुरक्षा बल (BSF) और केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (CRPF) हुए हैं। दोनों के 1,000 से ज्यादा जवानों में संक्रमण की पुष्टि हो चुकी है।
चक्रवात
अम्फान से बुरी तरह प्रभावित हुआ था पश्चिम बंगाल
1999 के बाद बंगाल की खाड़ी में उठे सबसे भयानक चक्रवाती तूफान पिछले महीने की 20 तारीख को पश्चिम बंगाल के तट से टकराया था।
पश्चिम बंगाल में चक्रवात के कारण 80 लोगों की मौत हुई थी और हजारों करोड़ रुपये की संपत्ति का नुकसान हुआ था।
तेज हवाओं के कारण सैकड़ों मकान धराशाही हो गए। इससे चलते हजारों लोग बेघर हो गए।
ममता बनर्जी ने इसे कोरोना वायरस से भी बड़ी आपदा बताया था।
जायजा
प्रधानमंत्री ने किया था प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण
अम्फान से हुई तबाही का जायजा लेने के लिए खुद प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पश्चिम बंगाल और ओडिशा के दौरे पर गए थे।
कोरोना वायरस महामारी शुरू होने के बाद यह पहली बार था जब मोदी दिल्ली से बाहर किसी दौरे पर गए थे।
इस दौरान उन्होंने चक्रवात से प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण किया और पश्चिम बंगाल के लिए 1,000 करोड़ रुपये और ओडिशा के लिए 500 करोड़ रुपये की सहायता राशि का ऐलान किया था।