देसी खांड, मिश्री, बूरा, गुड़ और रिफाइंड चीनी में क्या होता है अंतर? जानिए
क्या है खबर?
जहां पहले मीठे व्यंजनों के लिए देसी खांड, गुड़ का इस्तेमाल ज्यादा किया जाता था, वहीं अब मिश्री, बूरा और रिफाइंड चीनी की मांग भी बढ़ गई है। यह सभी अपने-अपने तरीके से स्वादिष्ट हैं।
इन सभी के खाने का उद्देश्य समान होता है, लेकिन इनका ग्लाइसेमिक इंडेक्स (GI) अलग-अलग होता है, जो खून में ब्लड शुगर के स्तर को प्रभावित कर सकता है।
आइए आज हम आपको इन मीठे विकल्प के बीच का अंतर बताते हैं।
#1
देसी खांड
देसी खांड को खांडसारी के नाम से जाना जाता है। यह चीनी का एक स्वास्थ्यवर्धक विकल्प है, जिसमें गुड़ के पोषक तत्वों के साथ स्वाद होता है।
यह आयरन और कैल्शियम जैसे खनिज होते हैं। इसके अतिरिक्त यह रिफाइंड चीनी की तुलना में थोड़ा कम ग्लाइसेमिक इंडेक्स प्रदान करता है।
इसमें 55 GI होता है, इसलिए डॉक्टर मधुमेह रोगी की स्थिति को देखकर इसका सेवन करने की सलाह दे देते हैं।
#2
मिश्री
आमतौर पर पूजा-पाठ में प्रसाद के तौर पर मिश्री का अपना खास महत्व है, वहीं खाना खाने के बाद थोड़ी सी सौंफ को मिश्री के साथ चबाने का अपना ही मजा है।
हालांकि, इसमें पोषक तत्वों की मात्रा बहुत कम होती है और कैलोरी का स्तर अधिक होता है।
इसमें 70 से ज्यादा GI होता है, इसलिए मधुमेह रोगियों को इसका सेवन नहीं करना चाहिए।
यहां जानिए मिश्री से मिलने वाले स्वास्थ्य लाभ।
#3
बूरा
बूरा चीनी का अनरिफाइंड रूप है और इसमें गुड़ की मात्रा होने के कारण रिफाइंड चीनी की तुलना में कम GI होता है।
इसमें लगभग 60 GI होता है, जबकि पोषण के मामले में यह सफेद चीनी के समान है।
इसका सेवन वजन बढ़ाने वालों के लिए ठीक है। वह इसका इस्तेमाल अपने लिए मीठे व्यंजन बनाने के लिए कर सकते हैं।
यहां जानिए ब्राउन शुगर और रिफाइंड चीनी में अंतर।
#4
रिफाइंड चीनी
रिफाइंड चीनी बनाने के लिए सबसे पहले गन्ने से रस निकाला जाता है, जिसके बाद रस को साफ करके उसे गर्म कर गाढ़ा घोल तैयार किया जाता है। अंत में गाढ़े घोल से दानेदार चीनी बनाने की प्रक्रिया शुरू की जाती है।
इस प्रक्रिया से गन्ने के सारे पोषक तत्व खत्म हो जाते हैं और चीनी महज कैलोरी युक्त सामग्री बन जाती है।
इसमें 80 से ज्यादा GI होता है, इसलिए मधुमेह रोगी इससे दूर ही रहें।
#5
गुड़
रिफाइंड चीनी के विपरीत गुड़ कई पोषक तत्वों से भरपूर होता है।
इसमें आयरन, पोटेशियम, मैग्नीशियम, विटामिन-B, विटामिन-K के साथ-साथ एंटी-ऑक्सीडेंट्स होते हैं, जो स्वास्थ्य को कई लाभ प्रदान कर सकते हैं।
इसमें मध्यम GI होता है, इसलिए मधुमेह रोगी डॉक्टरी सलाह के बिना इसका सेवन न करें क्योंकि यह चीनी का स्वास्थ्यवर्धक विकल्प है, लेकिन ब्लड शुगर का स्तर बढ़ा सकता है।
यहां जानिए गुड़ का सेवन करने से मिलने वाले स्वास्थ्य लाभ।