
कोरोना वायरस से मुकाबले के लिए मारुति सुजुकी बनाएगी वेंटिलेटर और मास्क
क्या है खबर?
भारतीय रेलवे के बाद अब देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी मारुति सुजुकी वेंटिलेट बनाने शुरू करेगी।
कोरोना वायरस (COVID-19) के बढ़ते मामलों के बीच सरकार ने इससे संक्रमित लोगों के इलाज के लिए इंतजाम करने शुरू कर दिए हैं।
कई राज्यों में इसके लिए विशेष अस्पताल तैयार किए जा रहे हैं। सरकार की मांग पर मारुति ने वेंटिलेटर, मास्क और दूसरे सुरक्षा उपकरणों का उत्पादन करने का फैसला किया है।
आइये, इस बारे में विस्तार से जानते हैं।
जानकारी
मारुति सुजुकी ने AgVa हेल्थकेयर के साथ मिलाया हाथ
मारुति ने वेंटिलेटर बनाने के लिए AgVa हेल्थकेयर के साथ हाथ मिलाया है। यह कंपनी वेंटिलेटर बनाती है। दोनों कंपनियों ने वेंटिलेटर उत्पादन बढ़ाने के लिए हाथ मिलाया है। इनका लक्ष्य हर महीने 10,000 वेंटिलेटर तैयार करना है।
बयान
COVID-19 चिंता का विषय- भार्गव
दोनों कंपनियों द्वारा तैयार कर बेचे गए वेंटिलेटर की टेक्नोलॉजी, परफॉर्मेंस और अन्य पहलूओं की जिम्मेदारी AgVa की होगी। मारुति उसे जरूरत के हिसाब से अपने सप्लायर्स के जरिये कलपुर्जे मुहैया कराएगी और प्रोडक्शन बढ़ाने के लिए सिस्टम अपग्रेड करने में मदद करेगी।
मारुति सुजुकी के चेयरमैन आरसी भार्गव ने कहा कि COVID-19 चिंता का विषय है और पूरी दुनिया इससे मुकाबला करने में लगी है। कंपनी वेंटिलेटर बनाने में मदद कर इस लड़ाई में अपना योगदान दे रही है।
जरूरत
मौजूदा हालात में इसलिए जरूरी है वेंटिलेटर
भारत में कोरोना वायरस के संक्रमितों की बढ़ती संख्या के बीच वेंटिलेटर की कम संख्या चिंताजनक है। आबादी के लिहाज से देखा जाए तो वेंटिलेटर की संख्या नाकाफी है।
देश में 130 करोड़ की आबादी पर महज 40,000 वेंटीलेटर है, जिनमें से अधिकतर सरकारी मेडिकल कॉलेजों, महानगर, राजधानियों और बड़े निजी अस्पतालों में संचालित है।
यदि कोरोना संक्रमितों की संख्या में अचानक बढ़ोतरी होती है तो भारी समस्या का सामना करना पड़ेगा।
समझौता
दोनों कंपनियों में हुआ ये समझौता
समझौते के तहत मारुति सुजुकी वेंटिलेटर के उत्पादन बढ़ाने के लिए सभी वित्तीय और अन्य प्रकार की मंजूरी दिलाने में AgVa की मदद करेगी। इसके लिए उससे कोई पैसा नहीं लिया जाएगा।
मारुति सुजुकी का ज्वाइंट वेंचर कृष्णा मारुति लिमिटेड हरियाणा और केंद्र सरकार को भेजने के लिए 3-प्लाई मास्क का उत्पादन कर रही है। सभी मंजूरियां मिलने के बाद कंपनी इसका उत्पादन शुरू कर देगी।
कंपनी के चेयरमैन अशोक कपूर अपनी तरफ से 20 लाख सरकार को देंगे।
जानकारी
भारत सीट्स लिमिटेड बनाएगी प्रोटेक्टिव गियर
इसके अलावा मारुति सुजुकी का एक और ज्वाइंट वेंचर भारत सीट्स लिमिटेड प्रोटेक्शन क्लोदिंग का उत्पादन करेगी। सरकार द्वारा मंजूरी मिलते ही इसका उत्पादन शुरू कर दिया जाएगा।
तैयारी
रेलवे भी बना रहा वेंटिलेटर
भारतीय रेलवे भी देश और दुनिया में फैली महामारी के मद्देनजर वेंटिलेटर का निर्माण कर रहा है। चेन्नई स्थित ट्रेन 18 का निर्माण करने वाली इंटीग्रल कोच फैक्ट्री (ICF) को यह काम सौंपा गया है।
वहीं पंजाब के कपूरथला स्थित रेल कोच फैक्ट्री (RCF) ट्रेनों के डिब्बों को आइसोलेशन वार्ड में तब्दील कर रही है। आपातकालीन स्थितियों में इन डिब्बों को ग्रामीण और सुदूर इलाकों में भेजा जा सकता है।
इसकी तस्वीरे आप नीचे देख सकते हैं।
ट्विटर पोस्ट
ट्रेनों में बनाए गए आइसोलेशन वार्ड
Isolation coaches have been prepared by Indian Railways to fight the #CoronavirusPandemic; Visuals from Kamakhya Railway Station (Assam) in Northeast Frontier Railway zone. 9 patients can be accommodated in one coach. pic.twitter.com/rU0A5g39AG
— ANI (@ANI) March 28, 2020