
सूडान संघर्ष: अमेरिका ने खाली किया दूतावास, भारत समेत अन्य देशों के नागरिक भी निकले
क्या है खबर?
अमेरिका के राष्ट्रपति जो बाइडन ने शनिवार देर रात बताया कि अमेरिकी सेना ने सूडान की राजधानी खार्तूम में स्थित अमेरिकी दूतावास के अधिकारियों और कर्मचारियों को बाहर निकालने का काम पूरा कर लिया है।
उन्होंने कहा कि अमेरिकी दूतावास ने अस्थायी तौर पर अपने संचालन को निलंबित कर दिया है।
गौरतलब है कि सूडान में सत्ता हासिल करने को लेकर सेना और अर्धसैनिक बलों के बीच संघर्ष पिछले एक हफ्ते से जारी है।
बयान
अमेरिका ने क्या कहा?
जो बाइडन ने कहा, "मुझे अमेरिकी दूतावास के कर्मचारियों की असाधारण प्रतिबद्धता पर गर्व है, जिन्होंने साहस और व्यवसायिकता के साथ अपने कर्तव्यों का पालन किया और सूडान के लोगों के साथ अमेरिका की दोस्ती और संबंधों को मूर्त रूप दिया।"
वहीं अमेरिकी विदेश मंत्री एंटनी ब्लिंकन ने कहा कि उन्होंने सूडान में बढ़ रहे गंभीर सुरक्षा जोखिमों के कारण कर्मचारियों और उनके परिवारों को दूतावास खाली करने का आदेश दिया गया था।
अभियान
सऊदी अरब की मदद से सूडान से बाहर आए कुछ भारतीय नागरिक
सऊदी अरब के विदेश मंत्रालय ने शनिवार को बताया कि उसने सूडान में फंसे अपने नागरिकों समेत अन्य मित्र देशों के कई नागरिकों को सड़क के रास्ते सूडान से बाहर निकाला है।
सऊदी अरब की मदद पाने वाले विदेशी नागरिकों में कुछ भारतीय नागरिक भी शामिल हैं। भारत के आलावा कुवैत, पाकिस्तान, बांग्लादेश कतर समेत अन्य देशों के नागरिक भी शामिल हैं।
गौरतलब है कि ईद से एक दिन पहले युद्धविराम की घोषणा की गई थी।
स्थिति
सूडान में फंसे हुए हैं करीब 3,000 भारतीय नागरिक
बतौर रिपोर्ट्स, सूडान में फिलहाल करीब 3,000 भारतीय फंसे हुए हैं।
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता अरिंदम बागची ने हाल ही में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान सुरक्षा की दृष्टि से फंसे हुए भारतीयों की जानकारी देने से मना कर दिया था।
बता दें कि सूडान में संघर्ष के बीच एक भारतीय नागरिक की मौत हो गई है, जिसकी जानकारी सूडान की राजधानी में स्थित भारतीय दूतावास ने 16 अप्रैल को ट्वीट कर दी थी।
बातचीत
सेना और RSF ने देशों के प्रमुखों से की बात
सूडान की सेना के जनरल अब्देल-फतह बुरहान ने शनिवार को कई देशों के प्रमुखों के साथ बातचीत की, जिसमें उन्होंने विदेशी नागरिकों और राजनयिकों की सुरक्षा को लेकर आश्वासन दिया।
वहीं रैपिड सपोर्ट फोर्स (RSF) के प्रमुख जनरल मोहम्मद हमदान दगालो ने संयुक्त राष्ट्र (UN) महासचिव एंटोनियो गुटेरेस के साथ सूडान में जारी मौजूदा संकट पर चर्चा की।
कई देशों के नागरिकों ने सेना और RSF से संघर्ष खत्म करने की अपील की है।
संघर्ष
सूडान में क्यों चल रहा है संघर्ष?
सूडान में सेना और RSF के बीच संघर्ष चल रहा है। इसके पीछे की बड़ी वजह देश की सत्ता पर कब्जा करना है। अक्टूबर, 2021 में देश में हुए तख्तापलट के बाद RSF और सेना के बीच एक समझौता हुआ था।
हाल ही में इस समझौते के विफल होने के बाद संघर्ष बढ़ गया है। RSF की स्थापना 2013 में पूर्व राष्ट्रपति उमर अल-बशीर ने की थी। यह मुख्य लड़ाई दो जनरलों के बीच है।