
छंटनी को लेकर घिरी अमेजन, श्रम मंत्रालय ने भेजा समन
क्या है खबर?
मंदी की आशंका को देखते हुए कई कंपनियां छंटनी कर रही हैं। इसी कड़ी में ई-कॉमर्स कंपनी अमेजन ने भी हजारों कर्मचारियों को निकालने का ऐलान किया था।
इस ऐलान के बाद अमेजन इंडिया की मुश्किलें बढ़ गई हैं। दरअसल, श्रम मंत्रालय ने कर्मचारियों को जबरन बाहर निकालने के मामले में अमेजन को समन भेजा है। साथ ही कंपनी को बेंगलुरू में उप मुख्य श्रम आयुक्त के सामने पेश होने को कहा है।
पृष्ठभूमि
10,000 कर्मचारियों की छंटनी कर रही अमेजन
बीते सप्ताह खबर आई थी कि अमेजन लगभग 10,000 कर्मचारियों को कंपनी से निकालने जा रही है। पिछले कुछ तिमाही कंपनी के लिए लाभदायक नहीं रहे हैं, इसलिए लागत में कटौती के लिए यह छंटनी की जा रही है।
कंपनी पहले ही अपने कर्मचारियों को इस संबंध में चेतावनी दे चुकी थी।
अगर काम से निकाले जाने वाले कर्मचारियों की संख्या 10,000 के आसपास रहती है तो यह अमेजन के इतिहास की सबसे बड़ी छंटनी होगी।
जानकारी
मंगलवार को अमेजन को भेजा गया समन
मंगलवार को श्रम मंत्रालय ने अमेजन को समन भेजा था। इसमें कंपनी को सभी जरूरी दस्तावेजों के साथ बुधवार को पेश होने के लिए कहा गया था।
पुणे स्थित कर्मचारियों के लिए काम करने वाले एक संघ NITES की याचिका पर यह समन भेजा गया है। संघ ने पिछले हफ्ते याचिका दायर कर राज्य और केंद्र सरकार से अमेजन की तरफ से भेजे गए 'अनैतिक और अवैध छंटनी' के ईमेल की जांच की मांग की थी।
बयान
"कानून से ऊपर नहीं हैं अमेजन की नीतियां"
न्यूज18 के अनुसार, NITES के प्रमुख हरप्रीत सिंह सलूजा ने कहा कि उनका संघ अमेजन की तरफ से भारत में की गई छंटनी की निंदा करता है। यहां के कानून अमेजन की नीतियों से ऊपर हैं। नियमों के अनुसार, सरकार से उचित मंजूरी के बिना कोई भी नियोक्ता कर्मचारी को नहीं निकाल सकता।
उन्होंने कहा कि जिन कर्मचारियों ने अमेजन में एक साल से ज्यादा काम किया है, उन्हें तीन महीने का नोटिस पीरियड देना जरूरी है।
कारण
अमेजन ने क्यों की छंटनी?
अमेजन ने पिछले महीने असामान्य और अनिश्चित मैक्रोइकनॉमिक माहौल को देखते हुए कर्मचारियों की छंटनी शुरू की थी।
कंपनी के मुख्य कार्यकारी अधिकारी (CEO) एंडी जेस्सी ने कहा था कि अमेजन मौजूदा व्यापारिक स्थितियों के साथ तालमेल बैठाने की कोशिश कर रही है। अगले साल भी छंटनी जारी रहेगी और प्रभावित कर्मचारियों के साथ इस फैसले को साझा कर दिया जाएगा।
बता दें कि दुनियाभर में अमेजन के साथ 16 लाख से अधिक कर्मचारी काम करते हैं।
जानकारी
दो दशकों में सबसे निचले स्तर पर है अमेजन की विकास दर
कोरोना वायरस महामारी के दौर में इतिहास में सबसे अधिक मुनाफा कमाने के बाद अमेजन को अब महंगाई के कारण दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
महंगाई में रिकॉर्ड इजाफे के कारण लोग पैसा खर्च करने से बच रहे हैं और इस कारण अमेजन की वृद्धि पिछले दो दशक में सबसे निचले स्तर पर पहुंच गई है।
कंपनी ने छुट्टियों के मौसम में भी वृद्धि धीमी होने की आशंका जताई है।
छंटनी
ये कंपनियां भी कर चुकी हैं बड़े पैमाने पर छंटनी
अपनी वित्तीय स्थिति को ठीक करने और वैश्विक मंदी की तैयारी के लिए अमेजन से पहले ट्विटर, मेटा और माइक्रोसॉफ्ट जैसी कंपनियां भी छंटनी कर चुकी हैं।
ट्विटर ने अपने 50 प्रतिशत स्थायी स्टाफ (लगभग 3,700 कर्मचारी) की छुट्टी कर दी है, वहीं कॉन्ट्रैक्ट पर काम करने वाले लगभग 4,400 कर्मचारियों का कॉन्ट्रैक्ट भी खत्म कर दिया गया है।
फेसबुक ने लगभग 11,000 कर्मचारियों की छंटनी की है, वहीं माइक्रोसॉफ्ट ने लगभग 1,000 कर्मचारी निकाले हैं।