
UGC NET: साइकोलॉजी के छात्र ऐसे करें तैयारी, पहले प्रयास में ही मिलेगी सफलता
क्या है खबर?
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) की राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (NET) में हर साल हजारों लोग भाग लेते हैं, लेकिन उनमें से कुछ ही लोग सफल हो पाते हैं।
कई अभ्यर्थी साइकोलॉजी विषय से परीक्षा देते हैं। साइकोलॉजी विषय कठिन होने के कारण कई उम्मीदवार सफल नहीं हो पाते।
अगर छात्र उपयुक्त रणनीति और युक्तियों का उपयोग करें तो पहले प्रयास में साइकोलॉजी से UGC NET पास करना संभव है।
आइए साइकोलॉजी की तैयारी के कुछ खास टिप्स जानते हैं।
तैयारी
समय से तैयारी शुरू कर दें
UGC NET की साइकोलॉजी की परीक्षा को पास करना चुनौतीपूर्ण माना जाता है।
इसके लिए अधिक तैयारी की आवश्यकता होती है। UGC NET में सफलता के लिए उम्मीदवार अच्छी रणनीति बनाएं।
सही समय पर तैयारी शुरी कर दें, ताकि पाठ्यक्रम को पूरा किया जा सके।
कठिनाई स्तर के आधार पर प्रत्येक विषय के लिए समय निर्धारित करें।
साइकोलॉजी को सरल-कठिन-सरल के क्रम में पढ़ें। पेपर 1 के विषयों को नजरअंदाज न करें। इन्हें पढ़ने के लिए उचित समय निर्धारित करें।
पाठ्यक्रम
लक्ष्य निर्धारित कर पाठ्यक्रम पूरा करें
UGC NET साइकोलॉजी का पाठ्यक्रम काफी बड़ा है। पाठ्यक्रम को 10 भागों में बांटा गया है। ऐसे में हर भाग को कवर करने के लिए लक्ष्य निर्धारित कर लें।
पाठ्यक्रम में साइकोलॉजी का उद्भव, अनुसंधान पद्धति, व्यवहार का जैविक आधार, साइकोलॉजी के उभरते क्षेत्र, व्यक्तित्व, भावना, प्रेरणा, तनाव और मुकाबला, सोच, बुद्धि और रचनात्मकता, मानव विकास और हस्तक्षेप, परीक्षण पद्धति जैसे अलग-अलग खंड हैं।
सभी खंड़ों को पढ़ना जरूरी है। प्रत्येक टॉपिक को कम से कम 2 बार जरूर पढ़ें।
अध्ययन
साइकोलॉजी के लिए कौन-सी किताबें पढ़ें?
साइकोलॉजी विषय के लिए कई सारी किताबें उपलब्ध हैं, लेकिन उम्मीदवार सही किताबों का चुनाव करें।
उम्मीदवार किताबें चुनते समय पाठ्यक्रम और किताब की भाषा पर ध्यान दें। वो किताबें खरीदें, जिनमें टॉपिक सरल भाषा में समझाएं गए हों।
अधिकांश साइकोलॉजी उम्मीदवार अरिहंत प्रकाशन, अजीत कुमार और रवि कसेरा की साइकोलॉजी किताबों, उपकार प्रकाशन की 'साइकोलॉजी पेपर 2', दिवाकर पब्लिकेशन की 'UGC NET साइकोलॉजी', ट्रूमैन डॉक्टर स्वाति महर्ष की 'UGC NET साइकोलॉजी' आदि किताबों का उपयोग करते हैं।
नोट्स
कॉन्सेप्ट को ऐसे समझें
साइकोलॉजी में आप कुछ भी रट नहीं सकते और आपको विषय के बेसिक कॉन्सेप्ट को समझना होगा।
साइकोलॉजी के पाठ्यक्रम की कई इकाईयां रोचक हैं, आप उन्हें दैनिक जीवन से जोड़कर समझने का प्रयास करें।
प्रत्येक टॉपिक के लिए नोट्स बना लें, ताकि परीक्षा के समय आसानी से रिवीजन कर सकें।
पिछले सालों में आए प्रश्नों के विकल्पों को अच्छे से तैयार कर लें।
टॉपिक्स को समझने के लिए यूट्यूब वीडियो की मदद ले सकते हैं।
मॉक टेस्ट
जितना हो सके, अभ्यास करें
कभी-कभी किसी परीक्षा को सफलतापूर्वक पास करना केवल इस बात पर निर्भर नहीं करता कि आप कितने बुद्धिमान हैं या आपने कितना अध्ययन किया है, बल्कि इस बात पर निर्भर करता है कि आप परीक्षा देने में अच्छे हैं या नहीं।
पढ़ाई के साथ-साथ खुद को परीक्षा देने के लिए तैयार करें। प्रत्येक टॉपिक पढ़ने के बाद सवालों को हल करें।
घर पर परीक्षा जैसा माहौल बनाकर मॉक टेस्ट दें। ज्यादा से ज्यादा सवालों को हल करने का अभ्यास करें।