
UGC NET: गृह विज्ञान की परीक्षा पहले प्रयास में पास करने के लिए अपनाएं ये रणनीति
क्या है खबर?
विश्वविद्यालय अनुदान आयोग (UGC) की राष्ट्रीय पात्रता परीक्षा (NET) में दो पेपर होते हैं।
पेपर 2 में पोस्ट ग्रेजुएशन से संबंधित विषय होते हैं। इन्हीं में से एक विषय है गृह विज्ञान।
गृह विज्ञान की परीक्षा उन उम्मीदवारों के लिए होती है, जिन्होंने किसी मान्यता प्राप्त विश्वविद्यालय से गृह विज्ञान में मास्टर डिग्री पूरी की हो।
आज हम आपको UGC NET के लिए गृह विज्ञान का पाठ्यक्रम और तैयारी की टिप्स बताने जा रहे हैं।
जानकारी
परीक्षा का पैटर्न बदलाया
नए परीक्षा पैटर्न के अनुसार पेपर 2 में दो भाग रहेंगे। पहले भाग में 160 अंक के 10 लघु निबंध संबंधित सवाल आएंगे। इन्हें 300 शब्दों में लिखना होगा। दूसरे भाग में 40 अंक का एक सवाल आएगा, जिसे 800 शब्दों में लिखना होगा।
पाठ्यक्रम
सबसे पहले समझिए पाठ्यक्रम
UGC NET के पाठ्यक्रम को पार्ट A और पार्ट B में बांटा गया है। पार्ट A में खाद्य विज्ञान, पोषण विज्ञान, संस्थागत प्रबंधन, टेक्सटाइल, संसाधन प्रबंधन, मानव विकास, अनौपचारिक शिक्षा और विस्तार शिक्षा, शैक्षिक संचार, शोध की प्रक्रिया और तरीके जैसे खंड शामिल हैं।
पार्ट B में खाद्य और पोषण, संस्थागत प्रबंधन और आहार विज्ञान, गृह और संचार संसाधन प्रबंधन और गृह विज्ञान विस्तार शिक्षा जैसे खंड हैं। इनके अंदर दिए गए अलग-अलग टॉपिकों को पढ़ना होगा।
समय प्रबंधन
उचित योजना बनाएं
UGC NET का गृह विज्ञान का पाठ्यक्रम बड़ा है और इसे पूरा करने में समय लगता है, इसलिए जितनी जल्दी हो सके, परीक्षा की तैयारी शुरू कर देनी चाहिए।
तैयारी शुरू करने से पहले पढ़ाई की उचित योजना बना लें। पाठ्यक्रम को समझने के बाद उसे कठिन और सरल टॉपिकों में बांट लें।
कठिन टॉपिकों की लिस्ट बना लें। इन्हें उस समय पढ़ें, जब आपका दिमाग सबसे ज्यादा सक्रिय हो। पढ़ने के दौरान रटने की बजाय समझने पर ध्यान दें।
अध्ययन
एक किताब से नहीं चलेगा काम
गृह विज्ञान के पाठ्यक्रम में अलग-अलग टॉपिक हैं, जिन्हें समझने के लिए आपको अलग-अलग किताबों से पढ़ाई करनी होगी।
छात्र परीक्षा की तैयारी के लिए सर्वश्रेष्ठ किताबों का चयन करें। इसके अलावा ऑनलाइन अध्ययन सामग्री भी ले सकते हैं।
परीक्षा के उम्मीदवार उपकार प्रकाशन की होम साइंस सॉल्वड पेपर्स, राव एस की होम साइंस पेपर, ट्रूमैन की UGC NET गृह विज्ञान आदि किताबें ले सकते हैं।
इसके अलावा अरिहंत प्रकाशन, नवनीत कौर और अजीत कुमार की किताबें मददगार रहेंगी।
मॉक टेस्ट
मॉक टेस्ट लगाएं, रिवीजन करें
उम्मीदवारों को समय-समय पर उन टॉपिक का रिवीजन करना चाहिए, जो उन्होंने दिन में पढ़े। रिवीजन से अवधारणाओं को लंबे समय तक याद रख सकते हैं।
नियमित रूप से मॉक टेस्ट लगाने से भी उम्मीदवारों का प्रदर्शन सुधरता है।
उम्मीदवार हर रोज उत्तर लेखन करें, उत्तर लिखते समय शब्द सीमा का ध्यान रखें। मॉक टेस्ट को निर्धारित समय सीमा में हल करने की कोशिश करें।
मॉक टेस्ट से आत्मविश्वास भी बढ़ता है और समय प्रबंधन मजबूत होता है।