
IPL इतिहास में सबसे छोटे स्कोर का बचाव कर हासिल की गई जीतों पर एक नजर
क्या है खबर?
टी-20 क्रिकेट में अमूमन बल्लेबाजों का दबदबा रहता है। सपाट पिच और छोटी बाउंड्री जैसे कारक खेल को उनके पक्ष में करते हैं।
ऐसे में बड़े से बड़े स्कोर को इस प्रारूप में सुरक्षित नहीं माना जाता है। हाल ही में कई बार इस प्रारूप में 200 से अधिक के स्कोर का सफल पीछा किया गया है।
हालांकि, इंडियन प्रीमियर लीग (IPL) के कई मैचों में कम स्कोर का भी बचाव किया गया है।
आइए उनके बारे में जानते हैं।
#5
IPL 2012 में MI की पुणे वॉरियर्स के खिलाफ रोमांचक जीत
2012 में पुणे वॉरियर्स के खिलाफ सिर्फ 120/9 का स्कोर बनाने के बाद मुंबई इंडियंस (MI) परेशानी में दिख रही थी।
हालांकि, उसके गेंदबाज चुनौती पर खरे उतरे। लसिथ मलिंगा (2/25), मुनाफ पटेल (1/24), हरभजन सिंह (2/18), और प्रज्ञान ओझा (1/24) ने किफायती गेंदबाजी करते हुए पुणे वॉरियर्स को 6 विकेट पर 119 रन पर ही सीमित करते हुए 1 रन से रोमांचक जीत दर्ज कर ली।
विशेष बात यह रही कि उस मैच में कोई अर्धशतक नहीं लगा था।
#4
IPL 2013 में अमित मिश्रा ने SRH को दिलाई जीत
IPL 2013 में पुणे वॉरियर्स की टीम छोटे स्कोर का पीछा करने में विफल रही थी।
इस बार उनकी विरोधी टीम सनराइजर्स हैदराबाद (SRH) थी। SRH की टीम 119/8 का स्कोर ही बना पाई थी।
इसके बाद पुणे ने पहले विकेट के लिए 38 रन जोड़कर जीत की ओर कदम बढ़ा दिए थे, लेकिन तभी अमित मिश्रा ने 4 ओवरों में 4/19 के आंकड़े दर्ज कर पुणे को 19 ओवर में 108 रन पर ही ऑलआउट कर दिया।
#3
IPL 2009 में KXIP ने MI को दी मात
किंग्स इलेवन पंजाब (अब पंजाब किंग्स) ने IPL 2009 में डरबन में MI के खिलाफ पहले बल्लेबाजी करते हुए 119/8 का स्कोर बनाया था।
लक्ष्य का पीछा करने उतरी MI की शुरुआत खराब रही और स्कोर 12/3 हो गया। पंजाब के गेंदबाजों की अनुशासित गेंदबाजी के कारण MI ने नियमित अंतराल पर विकेट गंवाए।
हालांकि, जेपी डुमिनी की 59 रन की पारी से MI जीत के करीब पहुंची, लेकिन आखिर में 116/7 का स्कोर ही बना पाई।
#2
IPL 2018 में SRH की MI पर शानदार जीत
IPL 2018 में भी SRH ने कम स्कोर का बचाव किया। MI के खिलाफ 118 रन पर सिमटने के बाद SRH के गेंदबाजों ने शानदार गेंदबाजी का प्रदर्शन किया।
इसके चलते सूर्यकुमार यादव (34) और क्रुणाल पांड्या (24) के अलावा कोई अन्य बल्लेबाज दोहरे अंक तक नहीं पहुंच सका।
राशिद खान ने किफायती गेंदबाजी करते हुए 4 ओवरों में 2/11 के आंकड़े दर्ज किया और MI को 18.5 ओवर में सिर्फ 87 रन पर समेट दिया।
#1
IPL 2009 में CSK की KXIP पर बेहतरीन जीत
चेन्नई सुपरकिंग्स (CSK) इस सूची में शीर्ष पर है, जिसने IPL 2009 में डरबन में KXIP के खिलाफ 116/9 का बचाव किया था।
उस मैच में पंजाब की टीम कभी भी मैच में नहीं दिखी। उसके शीर्ष 7 बल्लेबाजों में से 6 तो दहाई का आंकड़ा भी नहीं छू सके।
मुथैया मुरलीधरन, रविचंद्रन अश्विन और सुरेश रैना की स्पिन तिकड़ी ने 2-2 विकेट लिए और पंजाब को 92/8 के स्कोर पर ही सीमित कर दिया।