भारत के साथ 15 अगस्त पर अपनी आजादी का जश्न मनाते हैं ये 5 देश
क्या है खबर?
स्वतंत्रता दिवस प्रत्येक भारतीय को 200 से अधिक वर्षों से ब्रिटिश उपनिवेशवाद के चंगुल से मुक्ति मिलने की याद दिलाता है।
इस 15 अगस्त पर देश को आजाद हुए 77 साल पूरे हो जाएंगे और इस बार हम अपना 78वें स्वतंत्रता दिवस का जश्न मनाएंगे।
हालांकि, इस तारीख पर आजादी का जश्न मनाने वाला भारत अकेला नहीं है, बल्कि कुछ अन्य देश भी हैं और प्रत्येक का संघर्ष और आजादी का अपना अनूठा इतिहास रहा है।
आइए जानते हैं।
#1
दक्षिण कोरिया
दक्षिण कोरिया 15 अगस्त को अपना स्वतंत्रता दिवस मनाता है क्योंकि यह दिन उस पर जापान के 35 वर्षों के औपनिवेशिक शासन के अंत का प्रतीक है, जो साल 1910 से 1945 तक चला था।
इस दिन को स्थानीय तौर पर 'ग्वांगबोकजेओल' के नाम से जाना जाता है। इसका मतलब है कि राष्ट्रीय संप्रभुता की पुन:प्राप्ति और उसके साथ मिली आजादी।
इस अवसर को देश विभिन्न समारोह, देशभक्ति गतिविधियों और दक्षिण कोरियाई ध्वज के प्रदर्शन के साथ मनाता है।
#2
उत्तर कोरिया
दक्षिण कोरिया की तरह उत्तर कोरिया भी 15 अगस्त को जापानी शासन से मुक्ति का जश्न मनाता है। वहां इसे 'लिबरेशन ऑफ द फादरलैंड डे' के रूप में जाना जाता है।
इसके अतिरिक्त यह दिन कोरिया के उत्तर और दक्षिण में विभाजन की शुरूआत का भी प्रतीक है।
उत्तर कोरिया में इस दिन सैन्य परेड, भाषणों और विभिन्न राज्य आयोजित उत्सवों के साथ मनाया जाता है।
#3
कांगो
कांगो भी 15 अगस्त को अपनी आजादी का जश्न मनाता है क्योंकि इसी तारीख पर साल 1960 में इसे फ्रांस से आजादी मिली थी और 80 साल की गुलामी के बाद कांगो वासियों ने आजादी का स्वाद चखा था।
यह देश 15 अगस्त को 'कांगोलीज नेशनल डे' के तौर पर मनाता है। कांगो के लोगों के लिए यह दिन काफी महत्वपूर्ण है।
कांगो अपनी स्वतंत्रता को 15 अगस्त पर विभिन्न समारोह, परेड और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ मनाता है।
#4
बहरीन
भारत की तरह बहरीन देश भी अंग्रेजों की हूकूमत तले दबा हुआ था और इसे उनसे 15 अगस्त, 1971 में जाकर स्वतंत्रता मिली थी।
बता दें कि बहरीन की जनता के बीच संयुक्त राष्ट्र के सर्वे के बाद अंग्रेजों ने इस देश को छोड़ा था। इसके बाद दोनों देशों ने मित्र संधि पर हस्ताक्षर किया था।
इस दिन का जश्न बहरीन विभिन्न समारोह, परेडो और आतिशबाजी के साथ मनाता है।
#5
लिचेंस्टीन
लिचेंस्टीन दुनिया का छठा सबसे छोटा देश है, जिसको 15 अगस्त, 1866 में जर्मनी के शासन से मुक्ति मिली थी।
सुनने में आपको भले ही अजीब लगे लेकिन 15 अगस्त के दिन ही लिचेंस्टीन में लोगों को रॉयल फैमिली से बातचीत करने का मौका मिलता है।
यहां स्वतंत्रता दिवस विभिन्न उत्सवों के साथ मनाया जाता है, जिसमें यहां के वडुज कैसल में एक सार्वजनिक सभा, राजकुमार और प्रधानमंत्री के भाषण और आतिशबाजियां शामिल हैं।