
गणित से डरते हैं बच्चे तो इस तरह पढ़ाई को बनाएं आसान
क्या है खबर?
बच्चों को '2+2 = 4' सीखाना तो आसान है, लेकिन कैलकुलस और ज्योमेट्री की नाम सुनते ही बच्चे डर जाते हैं।
गणित को लेकर बच्चों का डर दूर करने के लिए जरूरी है कि उन्हें गणित के सवालों को आसान तरीके से हल करना सिखाया जाए और पढ़ते समय ध्यान केंद्रित करने पर जोर दिया जाए।
गणित में बच्चों की रुचि बढ़ाने के लिए माता-पिता इन टिप्स का उपयोग कर सकते हैं।
जानकारी
'मैथेफोबिया' की पहचान करें
शोध के मुताबिक ज्यादातर बच्चे गणित की वजह से तनाव यानि 'मैथेफोबिया' का शिकार हो रहे हैं। सबसे पहले इसकी पहचान करें। अगर बच्चा गणित के छोटे सवालों को हल करने में भी डर रहा है तो वो मैथेफोबिया का शिकार हो सकता है।
माहौल
घर में पढ़ने का माहौल बनाएं
बच्चों के लिए घर में पढ़ाई का माहौल बनाएं। पढ़ने और नई चीजें सीखने से जुड़ी सामग्री उपलब्ध करवाएं।
घर पर ट्यूटर की मदद ले सकते हैं। वे बच्चों को एकांत में अच्छे से पढ़ाई का समय देंगे।
अगर बच्चा गणित से भाग रहा है तो शुरुआत में 10 से 15 मिनट गणित के सवालों को हल करने का अभ्यास करवाएं।
धीरे-धीरे पढ़ाई का समय बढ़ाते जाएं और बच्चों को पढ़ाई के लिए प्रेरित करें।
खेल
घर पर खेलें गणित के खेल
संख्याओं के स्वरूप और उनके बीच के संबंधों के बारे में बच्चों की समझ बढ़ाने के लिए घर पर खेल गतिविधियां करें।
गणित सिखाने में खेल का उपयोग करने से बच्चों की गणित के प्रति उत्सुकता बढ़ती है।
बच्चों में समस्या समाधान कौशल का विकास होता है और गणित का डर भी दूर होता है।
अभिभावक बच्चों के साथ उलटी गिनती करना, बिंगो, गणित समस्या स्कैवेंजर हंट और कार्ड जैसे कई खेल खेल सकते हैं।
आजादी
बच्चों को गलती करने की आजादी दें
अगर बच्चे गलती करें तो उन्हें रोके नहीं, बल्कि समझाएं कि कहां उनसे गलती हुई और वे कैसे सुधार कर सकते हैं।
गलती करने पर बच्चों को डाटें नहीं, उनका हौंसला बढ़ाएं।
बच्चों को समझ न आने पर अपना धैर्य बनाएं रखें। उन्हें सवालों को और आसान कर दोबारा समझाएं।
दूसरों के सामने अपने बच्चों को कमजोर न पेश करें, इससे बच्चों में नकारात्मकता फैलती है और वे खुद को कम आंकने लगते हैं।
अभ्यास
लगातार अभ्यास करवाएं
बच्चों को समझाएं कि गणित सबसे आसान विषय है और इसमें केवल फॉमूर्लों का ही जादू है।
स्कूल-कॉलेज में सबसे ज्यादा नंबर इसी विषय में मिलते है।
गणित में रट्टा मारने की जरूरत नहीं है, केवल फॉर्मूलों को एक बार समझने की जरूरत है।
शुरूआत में बच्चों को थोड़े आसान स्टेप में सवाल हल करवाएं। उन्हें लगातार अभ्यास करवाएं।
अभ्यास से फॉर्मूले याद होंगे और वे कम समय में सवालों को हल करना सीख सकेंगे।