
UPSC सिविल सेवा: मुख्य परीक्षा के लिए ऐसे करें अर्थशास्त्र विषय की तैयारी
क्या है खबर?
संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा की मुख्य परीक्षा में अर्थशास्त्र लोकप्रिय वैकल्पिक विषय है।
इस विषय के साथ कई अभ्यर्थियों ने टॉप किया है। इनमें गौरव अग्रवाल और अभिजीत सिन्हा आदि शामिल हैं।
अर्थशास्त्र का पाठ्यक्रम सामान्य अध्ययन के पाठ्यक्रम से जुड़ा हुआ है।
ये स्कोरिंग विषय है, हालांकि अगर आप तकनीकी क्षेत्र से हैं तो इस विषय में कठिनाई हो सकती है।
आइए जानते हैं मुख्य परीक्षा के लिए अर्थशास्त्र की तैयारी कैसे करें।
पाठ्यक्रम
अर्थशास्त्र का पाठ्यक्रम क्या है?
पेपर 1 में उन्नत सूक्ष्म अर्थशास्त्र, उम्मत समष्टि अर्थशास्त्र, पैसा बैंकिंग और वित्त, अंतरराष्ट्रीय अर्थशास्त्र, अंतरराष्ट्रीय व्यापार के सिद्धांत, वृद्दि और विकास के सिद्धांत, योजना और आर्थिक विकास आदि के बारे में पढ़ना होगा।
पेपर 2 के पाठ्यक्रम में स्वतंत्रता पूर्व युग में भारतीय अर्थव्यवस्था, स्वतंत्रता के बाद भारतीय अर्थव्यवस्था, पूर्व उदारीकरण युग (कृषि, भूमि सुधार, राष्ट्रीय और प्रतिव्यक्ति आय), उदारीकरण के बाद का युग (आर्थिक सुधार, औद्योगिकीकरण, निजीकरण, विनिमय दर, आर्थिक नीति) जैसे खंड शामिल हैं।
किताबें
अर्थशास्त्र के लिए किताबें
अर्थशास्त्र की तैयारी की शुरुआत कक्षा 11 और कक्षा 12 की NCERT किताबों से करें।
उच्च स्तर के लिए उम्मीदवार रमेश सिंह की भारत की अर्थव्यवस्था, डॉक्टर एस एन लाल की भारतीय अर्थव्यवस्था एक सर्वेक्षण, एचएल आहूजा की उन्नत आर्थिक सिद्धांत, हैल वेरियन की सूक्ष्म आर्थिक विश्लेषण, एनके सिन्हा की पैसा और बैंकिंग, रिचर्ड फ्रॉयन की मैक्रोइकोनॉमिक्स, उमा कपिला की भारतीय अर्थव्यवस्था, मिश्रा, पूरी और गर्ग की भारतीय अर्थव्यवस्था जैसी किताब का इस्तेमाल कर सकते हैं।
पेपर 1
किन टॉपिकों पर करें फोकस?
अर्थशास्त्र में आर्थिक विकास, समावेशी विकास, बजट, भूमि सुधार, उदारीकरण के प्रभाव, भारतीय अर्थव्यवस्था, गरीबी, राजकोषीय और मौद्रिक नीतियां, उदारीकरण के प्रभाव, निवेश मॉडल और अंतर्राष्ट्रीय संगठन आदि पर विशेष फोकस रखें।
पेपर 1 में रिकार्डो, कालडोर के वैकल्पिक सिद्धांत, व्यापार की शर्तें, खुली अर्थव्यवस्था, आर्थिक विकास की प्रक्रिया और नवीकरणनीय संसाधान आदि के बारे में पढ़ें।
पेपर 2 में आय पैटर्न, कृषि सुधार, विश्व व्यापार संगठन, बौद्धिक संपदा अधिकार, विनिमय व्यवस्था, आर्थिक नीति, RBI, रोजगार मुद्दों को कवर करें।
तैयारी
करेंट अफेयर्स को कवर करें
अर्थशास्त्र गतिशील विषय है, ऐसे में करेंट अफेयर्स को कवर करना जरूरी है।
आर्थिक समाचार वाली पत्रिका और अखबार पढें। भारत सरकार के आर्थिक सर्वेक्षण को जरूर पढ़ें।
अर्थशास्त्र से संबंधित खबरों के लिए अलग से नोट्स बनाएं।
पाठ्यक्रम के प्रत्येक खंड के नोट्स बनाते समय भी करेंट अफेयर्स को शामिल करें।
उम्मीदवार अर्थशास्त्र के बेसिक कॉन्सेप्ट को समझ लें। इसमें गणना, आंकड़ों और विश्लेषणों को अच्छी तरह कवर करें।
अच्छे अंक पाने के लिए ग्राफ पर पकड़ मजबूत करें।
उत्तर
उत्तर लेखन का अभ्यास करें
अर्थशास्त्र में अच्छे अंक हासिल करने के लिए पिछले साल के प्रश्नपत्रों को हल करें।
इससे परीक्षा पैटर्न और दोहराए जाने वाले सवालों के बारे में जानकारी मिलेगी।
उम्मीदवार उत्तर लेखन का अभ्यास करें। प्रतिदिन कम से कम 2 उत्तर जरूर लिखें।
उत्तर लेखन के अभ्यास के लिए कोई अच्छी टेस्ट सीरीज ज्वाइन करें, यहां सुधार के लिए सही मार्गदर्शन मिल सकेगा।
उम्मीदवार लक्ष्य निर्धारित करके पढ़ाई करें और समय-समय पर जानकारियों का रिवीजन करें।