
राजस्थान सरकार इलेक्ट्रिक वाहनों पर दे रही है 20,000 रुपये तक की सब्सिडी, जानें शर्तें
क्या है खबर?
देश में इलेक्ट्रिक व्हीकल्स को बढ़ावा देने के लिए पहले केंद्र सरकार ने FAME-II नीति के तहत इलेक्ट्रिक वाहनों की सब्सिडी दर बढ़ा दी, फिर राज्य सरकारें इस पर काम कर रही हैं।
इसी क्रम में राजस्थान में इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी का ऐलान किया गया है, जिसके तहत ग्राहकों को टू-व्हीलर और थ्री-व्हीलर पर सब्सिडी प्रदान की जाएगी।
यह छूट बैटरी के साइज के आधार पर 5,000 से लेकर 20,000 रुपये के बीच होगी।
जानकारी
ये है इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी
राजस्थान के इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी का मुख्य उद्देश्य जीरो-एमिशन व्हीकल्स की मांग को बढ़ाना है। इसलिए इसमें दो तरह के पॉलिसी को शामिल किया गया है।
पहली पॉलिसी के मुताबिक राजस्थान सरकार ग्राहकों से GST का स्टेट कम्पोनेंट (SGST) नहीं लेगी।
वहीं दूसरी पॉलिसी में सरकार इलेक्ट्रिक दोपहिया और तीन-पहिया वाहनों के खरीदारी पर 5,000 से 20,000 रुपये तक की कैश सब्सिडी देगी।
ऑफर अप्रैल 2021 से लेकर मार्च 2022 के बीच इलेक्ट्रिक व्हीकल्स खरीदने वाले ग्राहकों को मिलेगा।
जानकारी
किन्हें मिलेगा सब्सिडी का लाभ?
2-5 KWh की बैटरी वाले दोपहिया वाहनों की खरदारी पर 5,000 से 10,000 रुपये तक का डिस्काउंट मिलेगा।
वहीं, थ्री-व्हीलर के लिए यह डिस्काउंट 10,000 से 20,000 रुपये के बीच होगा, जो 3 किलोवाट से ज्यादा की बैटरी पर होगा।
अन्य राज्यों की तरह राजस्थान सरकार ने भी पैसेंजर व्हीकल और इलेक्ट्रिक बसों को सब्सिडी के लाभ से दूर रखा है और ग्राहकों को सभी सब्सिडी नगद कैश के रूप में मिलेगी।
सब्सिडी बेनेफिट
केंद्र सरकार ने बढ़ाई सब्सिडी रेट
देश में इलेक्ट्रिक वाहनों को बढ़ावा देने के लिए भारत सरकार ने FAME-II नीति में संशोधन के तहत इलेक्ट्रिक दोपहिया वाहनों के लिए सब्सिडी इंसेन्टिव को 10,000 रुपये प्रति kWh से बढ़ाकर 15,000 रुपये प्रति kWh कर दिया गया है।
सब्सिडी का लाभ लेने के लिए वैसे दोपहिया वाहनों को शामिल किया गया है जो एक बार चार्ज करने पर कम से कम 80 किमी की रेंज और कम से कम 40 किमी प्रति घंटे की टॉप स्पीड देते हैं।
जानकारी
इन राज्यों में भी मिल रही है सब्सिडी
अगर अन्य राज्यों की बात करें तो सबसे पहले दिल्ली ने इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी की शुरुआत की थी। दिल्ली सरकार ने अगस्त, 2020 में इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी की शुरुआत की थी।
इसके बाद गुजरात ने जून, 2021 में इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी की घोषणा की थी, जिसमें दो लाख इलेक्ट्रिक व्हीकल के रजिस्ट्रेशन की उम्मीद की गई है।
इसके अलावा महाराष्ट्र ने इसी महीने इलेक्ट्रिक व्हीकल पॉलिसी की घोषणा की है।