
अमेरिकी वैज्ञानिकों का दावा- हवा के जरिये भी फैल सकता है कोरोना वायरस
क्या है खबर?
नया कोरोना वायरस (COVID-19) हवा के जरिये भी फैल सकता है। अमेरिका के शीर्ष वैज्ञानिकों ने शुक्रवार को कहा कि यह वायरस बोलने या सांस लेने से भी फैल सकता है।
इसके बाद अमेरिकी सरकार ने सभी लोगों से मास्क पहनने को कहा है।
अभी तक इस वायरस के संक्रमित व्यक्ति के खांसने या छींकने से बाहर आए थूक के छोटे कणों से फैलने की जानकारी थी।
आइये, यह पूरी खबर जानते हैं।
कोरोना वायरस
अमेरिका में बदले गए मास्क पहनने के दिशानिर्देश
अमेरिका के नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ (NIH) में संक्रमण बीमारियों के विभाग के प्रमुख एंथनी फाउसी ने कहा मास्क को लेकर जारी दिशानिर्देश बदले जाएंगे क्योंकि पता चला है कि यह वायरस लोगों के सांस लेने या बोलने से भी फैल सकता है। अभी तक केवल खांसने या छींकने से वायरस के फैलने की जानकारी थी।
इस जानकारी के आधार पर केवल संक्रमित मरीज और उनकी देखरेख में लगे लोगों को ही मास्क पहनने की सलाह दी जाती थी।
अमेरिका
NAS के वैज्ञानिकों ने की रिसर्च
इस महीने की पहली तारीख को अमेरिकी की नेशनल एकेडमी ऑफ साइंस (NAS) ने अपनी ताजा रिसर्च की जानकारी व्हाइट हाउस को भेजी थी।
इसमें कहा गया है कि यह रिसर्च पूरी नहीं है, लेकिन अभी तक सामने आई जानकारी से पता चलता है कि सामान्य सांस लेने से भी यह वायरस हवा में आ जाता है।
ऐसी स्थिति में इसका संक्रमण रोकना मुश्किल हो जाएगा। इसलिए सभी को मास्क से अपना मुंह ढंकने की सलाह दी गई है।
कोरोना वायरस
अभी तक संक्रमण को लेकर क्या पता था?
इस रिसर्च से पहले अमेरिका में स्वास्थ्य एजेंसियों का कहना था कि संक्रमित व्यक्ति जब खांसता या छींकता है तो उसके मुंह से निकलने वाले लगभग एक मिलीमीटर व्यास वाले थूक के कण जब किसी दूसरे व्यक्ति पर गिरते हैं तो उसके संक्रमित होने की आशंका रहती है।
ये थूक के कण लगभग एक मीटर के दायरे में गिर सकते हैं। इसलिए संक्रमितों से दूर रहने और सोशल डिस्टैंसिंग का पालन करने की सलाह दी जाती रही है।
कोरोना वायरस
हवा मे तीन घंटे तक रह सकता कोरोना वायरस- स्टडी
अगर वायरस इंसान के सांस छोड़ने के दौरान बनने वाले बेहद हल्की नमी में रह सकता है, जिसे दूसरे शब्दोें में ऐरोसोल कहा जाता है, तो इसका संक्रण रोकना बेहद मुश्किल है।
हालांकि, इस तर्क पर काफी विवाद हो रहा है। न्यू इंग्लैंड जर्नल ऑफ मेडिसिन में पब्लिश हुई NIH की स्टडी में कहा गया है कि कोरोना वायरस एरोसोल हो सकता है और यह लगभग तीन घंटे तक हवा में रह सकता है।
जानकारी
वायरस के हवा में रहने के तर्क का हो रहा विरोध
इस तर्क का विरोध करने वालों का कहना है कि स्टडी में बातों को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किया गया है। स्टडी करने वाली टीम ने नमी बनाने के लिए जानबूझकर नेबुलाइजर (मेडिकल उपकरण) का प्रयोग किया। इंसान के सांस छोड़ने के दौरान इतनी नमी नहीं होती।
अमेरिकी राष्ट्रपति
दिशानिर्देशों के बावजूद ट्रंप ने मास्क पहनने से इनकार किया
अमेरिका में सभी लोगों के मास्क पहनने के दिशानिर्देशों को मानने से राष्ट्रपति ट्रंप ने इनकार कर दिया है।
ट्रंप ने कहा है कि वह खुद को राष्ट्रपतियों, प्रधानमंत्रियों, तानाशाहों, राजाओं और रानियों का स्वागत मास्क पहनकर करते हुए नहीं देख सकते।
उन्होंने लोगों से कहा, "आपको ऐसा करने (मास्क पहनने) की जरूरत नहीं है। मुझे नहीं लगता कि मैं भी मास्क पहनने जा रहा हूं।"
उन्होंने यह भी कहा कि नवंबर में होने वाला राष्ट्रपति चुनाव आगे नहीं बढ़ेगा।
कोरोना वायरस
अमेरिका में 2.7 लाख लोग संक्रमित
अमेरिका में अब तक 2.7 लाख से ज्यादा लोग कोरोना वायरस से संक्रमित हैं और 7,000 से ज्यादा लोग जान गंवा चुके हैं।
न्यूयॉर्क इस महामारी से सबसे ज्यादा प्रभावित हुए हैं। पिछले 24 घंटों में यहां 500 से ज्यादा मौतें हुई हैं।
कोरोना वायरस के कारण न्यूयॉर्क में अभी तक 2,935 मौतें हो चुकी हैं। 9/11 को यहां के वर्ल्ड ट्रेड सेंटर पर हुए हमले में लगभग इतने ही लोगों की जानें गईं थी।