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अमेरिकी कोर्ट ने डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ को गैर-कानूनी बताया, लेकिन फिलहाल नहीं लगेगी रोक
टैरिफ को लेकर ट्रंप को कोर्ट से झटका लगा है

अमेरिकी कोर्ट ने डोनाल्ड ट्रंप के टैरिफ को गैर-कानूनी बताया, लेकिन फिलहाल नहीं लगेगी रोक

लेखन आबिद खान
Aug 30, 2025
09:32 am

क्या है खबर?

टैरिफ को लेकर अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को एक कोर्ट से झटका लगा है। अमेरिका की एक अपील कोर्ट ने ट्रंप के अधिकांश टैरिफ को गैरकानूनी करार दिया है। कोर्ट ने कहा कि टैरिफ लगाने के लिए ट्रंप ने आपातकालीन शक्तियों का इस्तेमाल किया, जिसका उन्हें कानूनी अधिकार नहीं था। कोर्ट ने कहा कि राष्ट्रपति को आपातकालीन शक्तियां मिली हैं, लेकिन इनमें टैरिफ या टैक्स लगाने का अधिकार नहीं है।

कोर्ट

कोर्ट ने कहा- टैरिफ का इस्तेमाल ट्रंप दबाव बनाने के लिए कर रहे

कोर्ट ने कहा कि ट्रंप 1974 के व्यापार कानून के तहत 150 दिनों तक 15 प्रतिशत टैरिफ लगा सकते हैं, लेकिन इसके लिए ठोस वजह होनी चाहिए। कोर्ट ने कहा कि ट्रंप ने टैरिफ लगाकर अपने अधिकार क्षेत्र का उल्लंघन किया है, जिसका इस्तेमाल उन्होंने व्यापार वार्ता में लाभ उठाने और विदेशी सरकारों पर दबाव बनाने के लिए किया। हालांकि, कोर्ट ने फैसले को अक्टूबर तक लागू करने से रोक दिया है। ट्रंप इसके खिलाफ सुप्रीम कोर्ट जा सकते हैं।

बयान

ट्रंप बोले- टैरिफ हटे तो अमेरिका बर्बाद हो जाएगा

ट्रंप ने फैसले की आलोचना करते हुए कहा कि अगर टैरिफ हटे, तो अमेरिका बर्बाद हो जाएगा। उन्होंने कहा, 'एक अत्यधिक पक्षपातपूर्ण अपील कोर्ट ने गलत तरीके से कहा कि टैरिफ हटा दिए जाने चाहिए, लेकिन वे जानते हैं कि अंत में अमेरिका जीतेगा। अगर टैरिफ हट गए, तो देश के लिए आपदा होगी। हम आर्थिक रूप से कमजोर हो जाएंगे। अमेरिका अब अन्य देशों, मित्र या शत्रु द्वारा लगाए गए अनुचित टैरिफ और गैर-टैरिफ बाधाओं को बर्दाश्त नहीं करेगा।'

अमेरिका

टैरिफ से अमेरिका को समृद्ध और शक्तिशाली बनाएंगे- ट्रंप

ट्रंप ने आगे कहा, 'इस मजदूर दिवस सप्ताहांत की शुरुआत में हम सभी को यह याद रखना चाहिए कि टैरिफ हमारे श्रमिकों की मदद करने और महान अमेरिकी उत्पादों का उत्पादन करने वाली कंपनियों का समर्थन करने का सबसे अच्छा साधन है। अब अमेरिका के सुप्रीम कोर्ट की सहायता से हम उनका उपयोग अपने राष्ट्र के लाभ के लिए करेंगे और अमेरिका को फिर से समृद्ध, मजबूत और शक्तिशाली बनाएंगे!'

पिछले फैसले

टैरिफ को पहले भी गलत बता चुके हैं कोर्ट

28 मई को न्यूयॉर्क स्थित अमेरिकी अंतरराष्ट्रीय व्यापार कोर्ट ने भी टैरिफ नीतियों के खिलाफ फैसला सुनाया था। कोर्ट ने कहा था कि राष्ट्रपति ने टैरिफ लागू करते समय अपनी शक्तियों का अतिक्रमण किया है। वॉशिंगटन के एक अन्य कोर्ट ने भी कहा था कि राष्ट्रपति की आपातकालीन शक्तियां टैरिफ लगाने की अनुमति नहीं देती हैं। ट्रंप के टैरिफ के खिलाफ अमेरिका के अलग-अलग कोर्ट में कम से कम 8 मुकदमे दायर किए गए हैं।

भारत

अमेरिका ने भारत पर लगाया 50 प्रतिशत टैरिफ

अमेरिका ने भारत पर पहले 25 प्रतिशत टैरिफ लगाया था। 27 अगस्त से रूस से तेल खरीदने के चलते 25 प्रतिशत अतिरिक्त टैरिफ लगाया गया है। इसके बाद भारत पर कुल टैरिफ 50 प्रतिशत हो गया है, जो किसी भी एशियाई देश पर लगे टैरिफ में सबसे ज्यादा है। भारत ने इसे अन्यायपूर्ण और धमकी बताया है। भारत ने कहा है कि वो अपने राष्ट्रीय हितों को ध्यान में रखकर व्यापार से जुड़े फैसले लेगा।