
गणतंत्र दिवस: स्कूलों में 26 जनवरी प्रतियोगिता के लिए ऐसे लिखें निबंध
क्या है खबर?
26 जनवरी, जिसे गणतंत्र दिवस के रूप में भी जानते हैं, देशभर में बहुत उत्साह के साथ मनाया जाता है। गणतंत्र दिवस पर स्कूलों, कॉलेजों और अन्य जगहों पर तिरंगा फहराया जाता है।
साथ ही स्कूलों और कॉलेजों में गणतंत्र दिवस पर निबंध लिखने की प्रतियोगिताएं भी होती हैं।
अगर आप भी इस साल प्रतियोगता में भाग लेने जा रहे हैं तो आप हमारे इस लेख से गणतंत्र दिवस पर निबंध कैसे लिखें, यह पढ़ सकते हैं।
कारण
क्यों मनाया जाता है गणतंत्र दिवस
भारत हर साल गणतंत्र दिवस मनाता है। भारत में 1950 के बाद से 26 जनवरी को प्रतिवर्ष गणतंत्र दिवस के रूप में मनाया जाता है।
इस दिन भारत का संविधान लागू हुआ था, इसलिए इस दिन को पूरे भारत में बहुत ज़ोर-शोर और खुशी के साथ हर साल मनाया जाता है।
साथ ही इसे भारत सरकार द्वारा राष्ट्रीय अवकाश भी घोषित किया गया है। भारत में लोग इस महान दिन को अपने-अपने तरीके से मनाते हैं।
इतिहास
भारत के संविधान का इतिहास
28 अगस्त, 1947 को हुई एक बैठक में यह निर्णय लिया गया कि भारत के लिए एक स्थायी संविधान का ड्राफ्ट तैयार करने के लिए एक ड्राफ्टिंग कमेटी की नियुक्ति की जाएगी।
डॉ. भीमराव अंबेडकर को ड्राफ्टिंग कमेटी का अध्यक्ष बनाया गया, जिन्होंने 4 नवंबर, 1947 को भारत का संविधान विधानसभा में प्रस्तुत किया था।
उस संविधान को 26 नवंबर, 1949 को अपनाया गया था। जिसके बाद 26 जनवरी, 1950 को इसे लागू कर दिया गया था।
महत्व
क्या है गणतंत्र दिवस का महत्व
भारत में गणतंत्र दिवस का बहुत महत्व है, क्योंकि यह भारतीय स्वतंत्रता के लिए स्वतंत्रता सेनानियों द्वारा किए गए प्रत्येक संघर्ष के बारे में बताता है।
लोग उन स्वतंत्रता सेनानी को याद करते हैं, जिन्होंने देश के लिए जान दी है। स्कूलों, कॉलेजों में शिक्षक, प्रिंसिपल द्वारा दिए जाने वाले भाषण में भी उनका जिक्र होता है।
इस दिन भारत के राष्ट्रपति की उपस्थिति में भारत की राजधानी, नई दिल्ली में राजपथ (इंडिया गेट के सामने) पर परेड होती है।
मनाने का तरीका
कैसे मनाते हैं गणतंत्र दिवस
इस दिन भारतीय सशस्त्र बल (थल सेना, नौसेना और वायुसेना) राजपथ पर परेड करते हुए भारत के राष्ट्रपति को सलामी देते हैं।
परेड में सेना की क्षमताओं को भी दिखाया जाता है, जिसमें देश के उन्नत हथियारों और युद्ध का प्रदर्शन किया जाता हैं।
प्रत्येक राज्य की झांकी के बाद उनकी संस्कृति और परंपराओं को प्रदर्शित किया जाता है।
छात्र स्कूल और कॉलेजों में भाषण प्रतियोगिता और कई अन्य कार्यक्रमों में भाग लेकर इस दिन को मनाते हैं।