
साइलेंट हार्ट अटैक क्या है? जानें इसके लक्षण और बचाव के उपाय
क्या है खबर?
आज के समय में कब कौन सी बीमारी हो जाए कुछ कहा नहीं जा सकता है। पहले जो बीमारी बड़े लोगों को होती थी, आजकल वो बीमारी बच्चों को भी होने लगी है।
हार्ट अटैक भी एक ऐसी ही बीमारी है, जो व्यक्ति को कभी भी अपना शिकार बना सकती है। हार्ट अटैक का एक प्रकार साइलेंट हार्ट अटैक भी है, जिसके लक्षण कम लोगों को पता हैं।
आज हम आपको उसके लक्षण और बचाव के बारे में बताएँगे।
पहचान
क्या है साइलेंट हार्ट अटैक और क्यों आता है?
साइलेंट हार्ट अटैक के मामले में व्यक्ति को समझ में नहीं आता है कि उसे क्या करना चाहिए।
साइलेंट हार्ट अटैक भी मोटापा, हाई ब्लड प्रेशर, हाई कोलेस्ट्रॉल और डायबिटीज के कारण आता है।
साइलेंट हार्ट अटैक आने से पहले व्यक्ति के शरीर में कई बदलाव होते हैं, जिन्हें ज़्यादातर लोग अनदेखा कर देते हैं। कई बार इसी वजह से व्यक्ति को अपनी जान से हाथ भी धोना पड़ता है।
लक्षण
साइलेंट हार्ट अटैक के लक्षण
आमतौर पर साइलेंट हार्ट अटैक आने पर सीने में तेज़ दर्द या दबाव, पीठ, गर्दन, पेट और जबड़ों में अजीब सी बेचैनी होती है।
इसके अलावा व्यक्ति को साँस लेने में परेशानी और अचानक से ठंड या गर्मी का महसूस होने लगती है।
लेकिन कई बार ये सभी लक्षण दिखने के बाद भी व्यक्ति सामान्य हो जाता है। ये संकेत बताते हैं कि जल्दी ही आपको दूसरा अटैक आने वाला है, जो आपको संभलने का मौक़ा भी नहीं देगा।
आहार
दिल के मरीज़ रखें अपने आहार का ख़ास ख़्याल
आपकी जानकारी के लिए बता दें कि कई बार केवल सीने में दर्द, हार्ट अटैक का लक्षण नहीं होता है, इसलिए अगर आपको अचानक सीने में तेज़ दर्द हो तो घबराएँ नहीं बल्कि अन्य लक्षणों के दिखने पर ही इसे गंभीर बीमारी समझें।
साइलेंट हार्ट अटैक से बचने के लिए आप दिल के लिए बेहतर आहार का सेवन करें। दिल के मरीज़ों को अपने आहार का ख़ास ख़्याल रखना चाहिए। यहाँ कुछ पौष्टिक आहार के बारे में बताया गया है।
#1, 2
ताज़े फल और सब्ज़ियों का सलाद
सेब, अनार, आम में ज़्यादा मात्रा में फाइबर और विटामिन पाया जाता है, जो आपके दिल को स्वस्थ रखने में बहुत मदद करता है। दिल को स्वस्थ रखने के साथ ही इन फलों के सेवन से कई अन्य बीमारियाँ भी दूर रहती हैं।
भूख लगने पर फास्ट फ़ूड्स की बजाय आप गाजर, शलजम, टमाटर आदि को कच्चा ही खा सकते हैं। स्नैक्स के तौर पर बाहर का कुछ भी खाने से बेहतर है कि आप इनका ही सेवन करें।
#3, 4
रेड वाइन और बादाम
रेड वाइन के नियमित सेवन से दिल संबंधी सभी बीमारियाँ दूर रहती हैं। रेड वाइन ख़ून को साफ़ करने का काम करती है। यह अंगूर से तैयार की जाती है, जो रक्त वाहिकाओं को साफ़ करता है और ब्लॉकेज का ख़तरा कम होता है।
बादाम में ओमेगा-3 फैटी एसिड पाया जाता है, जो कोलेस्ट्रॉल को कम करके दिल की कार्यप्रणाली को बेहतर बनाता है। इसके साथ ही बादाम दिमाग को भी स्वस्थ रखने का काम करता है।