
UPSC प्रारंभिक परीक्षा के लिए महत्वपूर्ण हैं कला और संस्कृति खंड के ये टॉपिक
क्या है खबर?
संघ लोक सेवा आयोग (UPSC) की सिविल सेवा प्रारंभिक परीक्षा 2023 का आयोजन 28 मई को होगा।
इस परीक्षा में हिस्सा लेने वाले लाखों परीक्षार्थी तैयारी में जुटे हैं।
प्रारंभिक परीक्षा के लिहाज से कला और संस्कृति महत्वपूर्ण खंड है।
ये खंड इतिहास में ही समाहित है, लेकिन इसकी अलग से तैयारी की आवश्यकता होती है।
अब परीक्षा में कुछ ही दिन शेष हैं, ऐसे में उम्मीदवार कला और संस्कृति के इन टॉपिकों को पढ़कर तैयारी कर सकते हैं।
वास्तुकला
वास्तुकला के बारे में पढ़ें
उम्मीदवार इस विषय में वास्तुकला के बारे में जरूर पढ़ें।
प्रमुख बौद्ध स्तूप, सांची का स्तूप, अंजता की गुफाएं, भरहुत स्तूप, अंधेर के स्तूप, द्रविड शैली की मूर्ति कला, मथुरा कला शैली, गांधार कला शैली, अंजता की गुफाएं, एलोरा गुफाओं में मिलने वाले शैली आदि के बारे में पढ़ें।
सिंधु घाटी सभ्यता में लाल, काली मिट्टी के बर्तन, मंदिर निर्माण की विभिन्न शैलियां नागर शैली, द्रविड शैली आदि के बारे में जानकारी बढ़ाएं।
संगीत
नृत्यों कला के टॉपिकों पर ध्यान दें
भारत में नृत्य लंबे समय से धर्म और संस्कृति का अभिन्न पहलू रहा है।
नृत्य सबसे प्रसिद्ध हिंदू कलाओं में से एक है और इससे सवाल भी पूछे जाते हैं।
भारतीय वास्तुकला भीमबेटका, उदयगिरी की गुफाओं में नृत्यचित्र भी मिलते हैं।
भारत में भारतनाट्यम, कथक, कुचिपुड़ी, मणिपुरी, कथकली, उड़िया जैसे प्रमुख नृत्य है।
उम्मीदवार शास्त्रीय और लोक नृत्य से संबंधित जानकारियों को याद करें।
विभिन्न राज्य, जातीय समूह और भौगोलिक क्षेत्र के आधार पर लोक नृत्य पढ़ें।
संगीत
संगीत कला के बारे में पढ़ें
संगीत किसी भी संस्कृति का अहम हिस्सा है। भारत में संगीत की खोज का लंबा इतिहास रहा है।
सिंधु घाटी सभ्यता के स्थालों पर बासुंरी जैसे वाद्य यंत्रों की खोज की गई है।
भारतीय संगीत के इतिहास को प्राचीन, मध्यकालीन और आधुनिक इतिहास में बांटा गया है।
संगीत से सभी जानकारियों को कवर करें। भारतीय संगीत का वर्गीकरण, विकास, संगीत का शिक्षाशास्त्र, लोक संगीत, संगीत वाद्ययंत्र, आधुनिक संगीत से जुड़ी जानकारियों को याद करें।
चित्रकारी
चित्रकारी कला के बारे में पढ़ें
भारतीय चित्रकला प्रागैतिहासिक काल से चली आ रही है। भारत में चित्रकारी का लंबा इतिहास है।
प्राचीन गुफाओं में चित्रकला के महत्वपूर्ण अंश मिलते हैं। मिट्टी के पात्र, वस्त्र, दीवारों पर चित्रकला का विकास लगातार हो रहा है।
सिविल सेवा परीक्षा के लिए उम्मीदवार भारतीय चित्रकला की पृष्ठभूमि, हिंदू, बौद्ध धर्म में कलाकार, चित्रकला के ऐतिहासिक अंश, चित्रकला की शैलियां जैसे कौका पिटक, दिघला पिटक और यम पिटक, भित्ती चित्र आदि के बारे में पढ़ें।