ईरान की अमेरिकी सहयोगियों को चेतावनी, हमला हुआ तो सैन्य अड्डों को बनाएंगे निशाना
क्या है खबर?
ईरान में जारी हिंसक प्रदर्शनों का असर मध्य-पूर्व में भी देखने को मिल सकता है। ईरान ने तुर्की, संयुक्त अरब अमीरात (UAE) और सऊदी अरब जैसे अमेरिका के सहयोगियों को चेतावनी दी है। ईरान ने कहा कि अगर अमेरिका उस पर हमला करता है, तो वो इन देशों में स्थित अमेरिकी सैन्य अड्डों को निशाना बनाएगा। समाचार एजेंसी रॉयटर्स ने ये जानकारी दी है। यानी अमेरिकी हमले की स्थिति में मध्य-पूर्व में तनाव बढ़ना तय है।
रिपोर्ट
ईरान देशों से बोला- अमेरिका से हमला न करने को कहें
एक अधिकारी ने रॉयटर्स से कहा, "तेहरान ने सऊदी अरब और UAE से लेकर तुर्की तक क्षेत्रीय देशों को बताया है कि अगर अमेरिका ईरान को निशाना बनाता है, तो उन देशों में स्थित अमेरिकी ठिकानों पर हमला किया जाएगा। ईरान ने इन देशों से वाशिंगटन को ईरान पर हमला करने से रोकने का आग्रह किया है।" बता दें कि मध्य-पूर्व में अमेरिका के कई अहम सैन्य ठिकाने हैं, जिनमें सैकड़ों की संख्या में सैनिक तैनात हैं।
जानकारी
अमेरिका ने अल-उदीद एयरबेस से कर्मचारियों को निकलने की सलाह दी
रॉयटर्स ने राजनयिकों के हवाले से बताया कि अमेरिका ने कतर स्थित अल-उदीद एयरबेस से कुछ कर्मचारियों को निकलने की सलाह दी है। हालांकि, दोहा स्थित अमेरिकी दूतावास ने कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं की। बता दें कि अल-उदीद मध्य-पूर्व में सबसे बड़ा अमेरिकी अड्डा है।
ईरानी सेना
ईरानी सेना बोली- हम हाई अलर्ट पर, मिसाइल भंडार बढ़ाया
ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स के एयरोस्पेस बल के कमांडर माजिद मूसावी ने कहा कि ईरान ने अपने मिसाइल भंडार में वृद्धि की है और वह हाई अलर्ट पर है। मौसावी ने कहा कि पिछले साल इजरायल के साथ 12 दिनों के युद्ध के बाद से ईरान के मिसाइल भंडार में वृद्धि हुई है और युद्ध के दौरान हुए नुकसान की मरम्मत कर दी गई है। उन्होंने कहा कि ईरान 'अपनी तैयारी के चरम पर' है।
भारत
भारत ने नागरिकों से ईरान छोड़ने को कहा
भारतीय विदेश मंत्रालय ने दूसरी बार यात्रा परामर्श जारी कर लोगों से ईरान की यात्रा न करने की सलाह दी है। साथ ही, तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने भी परामर्श जारी कर सभी भारतीय नागरिकों से तत्काल प्रभाव से ईरान छोड़ने को कहा है। दूतावास ने ईरान में सभी भारतीय नागरिकों से अपनी यात्रा और आव्रजन दस्तावेज, जिसमें पासपोर्ट और पहचान-पत्र शामिल हैं, अपने पास रखने को कहा है। दूतावास ने सहायता नंबर भी जारी किए हैं।
अंतिम संस्कार
मारे गए सुरक्षाबलों के अंतिम संस्कार में शामिल हुए हजारों लोग
विरोध प्रदर्शनों के दौरान मारे गए सुरक्षा बलों के 100 से ज्यादा सदस्यों का आज तेहरान में अंतिम संस्कार किया गया। इसमें हजारों लोग शामिल हुए, जो अपने हाथों मं ईरानी झंडे लिए हुए थे। ईरानी शासन ने इन लोगों को शहीद का दर्जा दिया है। CNN से बात करते हुए एक तेहरान निवास ने कहा, "लोग सदमे में हैं और जो कुछ हुआ है उसके बारे में बात करना भी उनके लिए मुश्किल है।"
फांसी
ईरानी न्यायपालिका ने प्रदर्शनकारियों को त्वरित फांसी के संकेत दिए
ईरानी न्यायपालिका प्रमुख गुलामहुसैन मोहसेनी-एजेई ने संकेत दिया कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की चेतावनी के बावजूद विरोध प्रदर्शनों में हिरासत में लिए गए लोगों के लिए त्वरित सुनवाई और फांसी की सजा होगी। उन्होंने कहा, "अगर हमें कोई काम करना है, तो हमें उसे अभी करना चाहिए। अगर हम कुछ करना चाहते हैं, तो उसे जल्दी करना होगा।" उन्होंने आगे कहा, "अगर इसमें दो महीने या तीन महीने की देरी हो जाती है, तो इसका उतना असर नहीं होता।"