
डोनाल्ड ट्रंप ने अपने करीबी सहयोगी रैटक्लिफ को CIA प्रमुख चुना, काश पटेल को मौका नहीं
क्या है खबर?
अमेरिका के राष्ट्रपति चुनाव में जीत दर्ज करने वाले रिपब्लिकन डोनाल्ड ट्रंप ने केंद्रीय खुफिया एजेंसी (CIA) के निदेशक के लिए अपने करीबी सहयोगी जॉन रैटक्लिफ को चुना है।
उन्होंने सोशल मीडिया ट्रुथ पर लिखा, 'नेशनल इंटेलिजेंस के पूर्व निदेशक जॉन रैटक्लिफ़ CIA के निदेशक के रूप में काम करेंगे। क्लिंटन अभियान के फर्जी रूसी मिलीभगत को उजागर करने से लेकर FISA कोर्ट में FBI द्वारा नागरिक स्वतंत्रता के दुरुपयोग को पकड़ने तक, जॉन रैटक्लिफ हमेशा ईमानदारी के योद्धा रहे।'
कार्य
अमेरिका के शीर्ष जासूस के रूप में कार्य कर चुके हैं रैटक्लिफ
रैटक्लिफ टेक्सास के पूर्व कांग्रेसी हैं। वे ट्रंप के पहले कार्यकाल में राष्ट्रीय खुफिया एजेंसी के निदेशक थे और मई 2020 से जनवरी 2021 तक काम किया था।
अभी रैटक्लिफ सेंटर फॉर अमेरिकन नाम के थिंक टैंक के सह-अध्यक्ष थे, जो ट्रंप के पदों की वकालत करता था। उन्होंने चुनाव में ट्रंप को राष्ट्रीय सुरक्षा नीति पर सलाह भी दी थी।
2020 में रिपब्लिकन बहुमत वाली सीनेट ने उनको निदेशक चुना था और डेमोक्रेट ने विरोध किया था।
निराशा
पहले चल रहा था काश पटेल का नाम
पहले CIA प्रमुख के लिए गुजराती परिवार के काश पटेल का नाम आगे चल रहा था, लेकिन ट्रंप ने अपने करीबी रैटक्लिफ पर मुहर लगाई है।
पटेल ने रक्षा और खुफिया दोनों क्षेत्रों में काम किया है। ट्रंप के पहले कार्यकाल में पटेल राष्ट्रीय सुरक्षा परिषद (NSC) में ट्रंप के आतंकवाद विरोधी सलाहकार के तौर पर तैनात थे।
बाद में कार्यवाहक रक्षा सचिव क्रिस्टोफर मिलर के चीफ ऑफ स्टाफ के तौर पर काम किया था।