हिंद महासागर में फंसा ईरान का एक और जहाज, श्रीलंका में आने की अनुमति मांगी
क्या है खबर?
अमेरिका-इजरायल के ईरान के साथ युद्ध की आंच अब हिंद महासागर को अपनी चपेट में ले रही है। हिंद महासागर में मौजूद ईरान के एक और जहाज पर अमेरिकी हमले का खतरा मंडरा रहा है। श्रीलंका की मंत्री डॉक्टर नलिंडा जयतिस्सा ने कहा कि वह अपने तट के पास एक और ईरानी जहाज पर 'लोगों को बचाने' की कोशिश कर रहे हैं। यह जहाज श्रीलंका के समुद्री क्षेत्र के बाहर इकोनॉमिक जोन में है।
ईरान
श्रीलंका ने जहाज को बंदरगाह आने की अनुमति नहीं दी
सूत्रों ने समाचार एजेंसी AFP को बताया कि जहाज पर चालक दल के 100 से ज्यादा सदस्य थे। उन्हें डर था कि जहाज पर अमेरिका हमला कर सकता है, इसलिए उन्होंने श्रीलंकाई समुद्री क्षेत्र में जाने का अनुरोध किया है। रिपोर्ट्स से पता चला है कि ईरानी जहाज ने श्रीलंका के पानी में सुरक्षित रूप से आने का अनुरोध किया है। हालांकि, श्रीलंका ने इस अनुरोध को खारिज कर दिया है।
बयान
मंत्री बोले- लोगों को बचाने के लिए जरूरी कदम उठा रहे
इस जहाज का नाम 'बुशहर' बताया जा रहा है, जो इस समय श्रीलंका की समुद्री सीमा के पास अंतरराष्ट्रीय जलक्षेत्र में है। मंत्री नलिंडा जयतिस्सा ने कहा, "जहाज श्रीलंका के पानी में नहीं है। यह एक्सक्लूसिव इकोनॉमिक जोन में है। सरकार और रक्षा मंत्रालय को जहाज के बारे में पता है। सरकार जहाज पर सवार लोगों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए जरूरी कदम उठा रही है।" उन्होंने कहा कि घटना के बारे में संसद को और जानकारी दी जाएगी।
पिछला हमला
कल अमेरिका ने डुबोया था ईरानी जहाज
बीते दिन अमेरिका ने श्रीलंका के नजदीक ईरानी नौसेना के जहाज IRIS दिना को पनडुब्बी से हमला कर डुबो दिया था। इस घटना में 87 लोग मारे गए थे, जबकि 32 घायलों को श्रीलंका की सेना ने बचा लिया था। इनका श्रीलंका में ही इलाज चल रहा है। ये जहाज एक सैन्य अभ्यास में हिस्सा लेने के लिए भारत आया था। विशाखापत्तनम से लौटते हुए इसे अमेरिका ने निशाना बनाया।
शव
87 शवों को ईरान को सौंपने की तैयारी कर रहा श्रीलंका
IRIS दिना पर हमले में मारे गए 87 नाविकों के शव श्रीलंका के दक्षिणी पोर्ट शहर गाले में हैं। श्रीलंकाई अधिकारी इन्हें ईरान को सौंपने की तैयारी कर रहे हैं। गाले के अस्पताल के अधिकारियों ने बताया कि बचाए गए 32 ईरानियों का अभी पुलिस और एलीट कमांडो की कड़ी सुरक्षा में इलाज चल रहा है। वहीं, अमेरिका ने जहाज पर पनडुब्बी से हमले का वीडियो जारी कर जिम्मेदारी ली है।