मिलग्रो ने भारत में इंसानों जैसे 3 रोबोट किए लॉन्च, जानिए कीमत और खासियत
क्या है खबर?
रोबोट बनाने वाली भारतीय कंपनी मिलग्रो ने भारत में अपने 3 नए ह्यूमनॉइड रोबोट लॉन्च किए हैं। इन रोबोट्स के नाम अल्फा मिनी 25, यान्शी और रोबो नैनो 2.0 हैं। यह रोबोटिक्स कंपनी अब केवल क्लीनिंग रोबोट तक सीमित नहीं रही और एजुकेशन, रिसर्च और कस्टमर-फेसिंग सेगमेंट में भी उतर गई है। ये रोबोट घर, स्कूल, कॉलेज, मॉल, होटल और एयरपोर्ट जैसे अलग-अलग माहौल में इस्तेमाल के लिए बनाए गए हैं।
अल्फा मिनी 25
अल्फा मिनी 25: बच्चों और पढ़ाई के लिए
अल्फा मिनी 25 को खास तौर पर बच्चों और घर या स्कूल में सीखने के लिए डिजाइन किया गया है। यह आकार में छोटा और हल्का रोबोट है, जिसे आसानी से एक जगह से दूसरी जगह ले जाया जा सकता है। यह आवाज, इशारों और चेहरे के भाव से बातचीत कर सकता है। इसमें कैमरा और माइक्रोफोन लगे हैं, जिससे यह चीजों और चेहरों को पहचान सकता है। यह पढ़ाई, खेल और रोजमर्रा की एक्टिविटी में मदद करता है।
यान्शी
यान्शी: स्टूडेंट्स और रिसर्च के लिए
यान्शी रोबोट को स्कूल, कॉलेज, यूनिवर्सिटी और रिसर्च लैब के लिए तैयार किया गया है। यह एक ओपन और प्रोग्रामेबल ह्यूमनॉइड रोबोट है, जिससे स्टूडेंट्स कोडिंग, रोबोटिक्स और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस सीख सकते हैं। इसमें कैमरा, साउंड सेंसर और मोशन ट्रैकिंग जैसे फीचर्स हैं। स्टूडेंट्स इसमें नए आइडिया टेस्ट कर सकते हैं और प्रैक्टिकल तरीके से सीखने का अनुभव पा सकते हैं, जिससे उनकी तकनीकी समझ और कौशल दोनों मजबूत होते हैं।
रोबो नैनो 2.0
रोबो नैनो 2.0: पब्लिक जगहों के लिए मददगार
रोबो नैनो 2.0 को पब्लिक जगहों और ग्राहकों से जुड़ने के लिए डिजाइन किया गया है। यह मॉल, होटल, एयरपोर्ट, हॉस्पिटल और म्यूजियम जैसी जगहों पर लोगों की मदद कर सकता है। यह चेहरा पहचान सकता है, आवाज के निर्देश समझता है और रास्ता बताने में मदद करता है। इसमें कई सेंसर लगे हैं, जिससे यह खुद चल सकता है और रुकावटों से बच सकता है। जरूरत पड़ने पर यह खुद चार्ज भी हो जाता है।
कीमत
कीमत और उपलब्धता
अल्फा मिनी 25 की कीमत 4.89 लाख रुपये रखी गई है, जिससे यह सबसे सस्ता विकल्प बनता है। यान्शी की कीमत 5.99 लाख रुपये है, जबकि रोबो नैनो 2.0 की कीमत 17.99 लाख रुपये तय की गई है। ये तीनों रोबोट मिलग्रो की आधिकारिक वेबसाइट और कुछ चुनिंदा ऑफलाइन स्टोर पर उपलब्ध हैं। कंपनी का कहना है कि इन्हें एजुकेशन, रिसर्च और बिजनेस जरूरतों को ध्यान में रखकर पेश किया गया है।