
अनिल देशमुख पर लगे आरोप गंभीर, एक-दो दिन में लिया जाएगा फैसला- शरद पवार
क्या है खबर?
महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों के मुद्दे पर आज मीडिया से बात करते हुए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (NCP) प्रमुख शरद पवार ने कहा कि देशमुख पर लगे आरोप गंभीर हैं और एक-दो दिन में उन पर कोई फैसला लिया जाएगा।
उन्होंने कहा कि मामले पर अंतिम फैसला मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे का होगा और वह इस संबंध में उनसे और NCP नेताओं से विचार विमर्श करेंगे।
सवाल
शरद पवार ने परमबीर सिंह के आरोपों पर भी उठाए सवाल
अपनी प्रेस कॉन्फ्रेंस में पवार ने मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह द्वारा अनिल देशमुख पर लगाए गए आरोपों और इनके समय पर भी सवाल उठाए।
उन्होंने कहा, "परमबीर ने इस संबंध में कोई सबूत नहीं दिए हैं। अपने पत्र में उन्होंने कहा है कि देशमुख ने पुलिस से 100 करोड़ रुपये वसूलने की बात कही, लेकिन ये नहीं बताया कि पैसा कहां गया। गृह मंत्री या उनके स्टाफ को पैसे ट्रांसफर किए जाने का कोई सबूत नहीं है।"
सवाल
परमबीर सिंह ने पुलिस कमिश्नर रहते क्यों नहीं लगाए आरोप- पवार
आरोप लगाने के समय पर सवाल उठाते हुए पवार ने कहा, "जब सरकार ने परमबीर सिंह को पुलिस कमिश्नर के पद से हटाकर होमगार्ड विभाग में भेजा, तब उन्होंने ये आरोप लगाए हैं। ये बात उन्होंने तब क्यों नहीं की जब वे पुलिस कमिश्नर के पद पर थे।"
उन्होंने कहा, "पिछले साल परमबीर सिंह ने ही सचिन वाजे को बहाल किया था। उन्होंने ही उन्हें संवेदनशील मामले दिये। ये निर्णय मुख्यमंत्री या गृहमंत्री ने तो नहीं लिए थे।"
जांच
मुख्यमंत्री को जूलियो रिबेरो से मामले की जांच कराने का सुझाव देंगे पवार
पवार ने कहा कि वह खुद मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे से बात करेंगे और उन्हें सुझाव देंगे कि वह एक ऐसे अधिकारी से मामले की जांच कराएं जो निष्पक्ष हो। उन्होंने कहा कि वह मुख्यमंत्री को मुंबई के पूर्व पुलिस कमिश्नर जूलियो रिबेरो से मामले की जांच कराने का सुझाव देंगे।
उन्होंने कहा, "जूलियो रिबेरो की साख ऐसे ही है कि उनकी जांच में कोई दखल नहीं दे सकता और ना ही इसे प्रभावित कर सकता है।"
आश्वासन
पवार बोले- सरकार पर कोई खतरा नहीं
मामले के कारण महा विकास अघाड़ी गठबंधन की राज्य सरकार पर खतरा पैदा होने के सवाल पर पवार ने कहा, "सरकार को कोई खतरा नहीं है। इसका सरकार की छवि पर भी कोई असर नहीं होगा। अनिल देशमुख पर हम मुख्यमंत्री से बात करेंगे। पार्टी के लोगों से भी बात करेंगे और अनिल देशमुख से भी बात करेंगे कि उनका क्या कहना है? कल-परसों तक मिलकर हम लोग देशमुख पर फैसला ले लेंगे।"
मामले पर गठबंधन की बैठक कल है।
मामला
क्या है पूरा मामला?
मुकेश अंबानी के घर के बाहर विस्फोटकों से भरी गाड़ी मिलने के मामले में मुंबई पुलिस कमिश्नर के पद से हटाए गए परमबीर सिंह ने मुख्यमंत्री को पत्र भेजकर आरोप लगाया था कि अनिल देशमुख ने एनकाउंटर स्पेशलिस्ट सचिन वाजे को हर महीने 100 करोड़ रुपये की वसूली का लक्ष्य दिया था।
उन्होंने यह भी कहा था कि देशमुख पुलिसकर्मियों को घर बुलाकर मामलों की जांच को विशेष दिशा में ले जाने को कहते थे।
सफाई
देशमुख ने खारिज किए आरोप, मानहानि का मुकदमा करेंगे
अनिल देशमुख इन आरोपों का खंडन कर चुके हैं। उनका कहना है कि एंटीलिया और मनसुख हिरेन केस में सचिन वाजे की संलिप्तता साफ हो रही है और जांच की आंच परमबीर सिंह तक भी पहुंच सकती है जिससे बचने के लिए वह इस तरह के आरोप लगा रहे हैं।
उन्होंने सिंह को अपने आरोपों को साबित करने की चुनौती दी है। इसके अलावा वह उनके खिलाफ मानहानि का मुकदमा भी करेंगे।