जर्मनी को चीनी उत्पादों से डेटा जासूसी का डर, चीनी पुर्जे हटाना शुरू
जर्मनी की घरेलू खुफिया एजेंसी ने चीनी उत्पादों को लेकर चिंता जताई है। उसने 'बड़ी खामियां' होने की चेतावनी दी है।
एजेंसी का कहना है कि इन खामियों से यूजर्स की सुरक्षा खतरे में पड़ सकती है।
एजेंसी के प्रमुख सिनन सेलान ने संसद में बताया कि इलेक्ट्रिक गाड़ियों से लेकर रोबोट वैक्यूम क्लीनर तक, कई चीनी उपकरणों का डेटा ठीक से सुरक्षित नहीं रहता है। इनके लीक होने की काफी संभावना है।
उनका कहना है कि अगर यह तकनीकी खराबी सामने आती है तो कुछ संवेदनशील जानकारी आसानी से 'राज्य एजेंसियों' तक पहुंच सकती है।
जर्मनी ने अपने 5G नेटवर्क से चीनी पुर्जे हटाना शुरू किया
चीनी तकनीक पर बढ़ती निर्भरता को लेकर जर्मनी में चिंताएं गहरा रही हैं। जर्मनी के 5G नेटवर्क, रोबोट वैक्यूम क्लीनर और अन्य उत्पादों में चीनी तकनीक का बोलबाला है।
इसी को देखते हुए जर्मनी ने अपने 5G नेटवर्कों से कुछ चीनी पुर्जों को धीरे-धीरे हटाना शुरू कर दिया है। इसके अलावा, चिप निर्माण जैसे संवेदनशील क्षेत्रों में निवेश को भी सीमित किया जा रहा है।
जर्मनी की सरकार अब चीन को सिर्फ एक साझेदार नहीं मानती, बल्कि उसे एक प्रतिस्पर्धी और व्यवस्थागत प्रतिद्वंद्वी के तौर पर भी देखती है।
सरकार आर्थिक रिश्तों को बनाए रखने की कोशिश कर रही है, लेकिन सुरक्षा के मामले में भी कोई कोताही नहीं बरतना चाहती।