ओमानी सह-पायलट तेल अवीव की इमारत से टकराना चाहता था विमान, 9/11 जैसे हमले की कोशिश
क्या है खबर?
दुबई से तेल अवीव जाने वाली जिस फ्लाईदुबई उड़ान में ओमानी सह-पायलट हम्माम अल-हम्मानी ने कैप्टन स्मित मच्छार को चाकू मारा था, उसकी अमेरिका के 9/11 जैसी घटना को अंजाम देने की योजना थी। इतालवी अखबार कोरिएरे डेला सेरा के मुताबिक, अल-हम्मानी ने चुपके से मच्छार की हत्या करने, विमान के इंजन बंद करने और विमान को तेल अवीव में एक इमारत टकराने की योजना बनाई थी। अभी तक पता चला है कि इसमें वह अकेले शामिल था।
जांच
जांच में क्या सामने आया?
इजरायली मीडिया के मुताबिक, अल-हम्मानी से संयुक्त अरब अमीरात (UAE) में पूछताछ की जा रही है।
उसने जांचकर्ताओं को बताया कि उसका इरादा था कि वह कैप्टन को ठिकाने लगाकर, लैंडिंग की अनुमति प्राप्त करेगा और तेल अवीव के पास बेन गुरियन हवाई अड्डे पर विमान को किसी इमारत या अन्य विमान से टकरा देगा।
सह-पायलट ने जॉर्डन के ऊपर पहुंचने तक नियंत्रण अपने हाथ में लेने की योजना बनाई थी, ताकि उसे हमले के लिए पर्याप्त समय मिल सके।
जांच
जुलाई में बनाई थी हमले की योजना
रिपोर्ट के मुताबिक, आरोपी सह-पायलट ने जुलाई में हमले की योजना बनाई थी, लेकिन चालक दल के एक सदस्य से दोस्ती होने के कारण उसने आखिरी क्षण में इसे रद्द कर दिया।
रिपोर्ट में कहा गया कि सह-पायलट ने ऑटो-पायलट बंद कर दिया और कंट्रोल स्टिक को धक्का दिया, जिससे विमान तेजी से नीचे उतरने लगा।
विमान ने 30 सेकंड में लगभग 16,000 फीट की ऊंचाई खो दी और 970 किमी प्रतिघंटे की रफ्तार पकड़ ली, जिससे टेल रडर टूटा।
जांच
मिल सकती है मौत की सजा
अल-हम्ममी ने फ्लाईदुबई के लिए काम करते हुए हाल के महीनों में कई बार बेन गुरियन हवाई अड्डे का दौरा किया था। जून में उसने दौरा करके जानकारी जुटाई थी।
अल-हम्ममी को UAE में मौत की सजा का सामना करना पड़ सकता है।
इजरायल के वाईनेट ने एक वरिष्ठ अमीराती सूत्र के हवाले से बताया कि सह-पायलट को भी मौत की सजा मिलने की आशंका है, क्योंकि अबू धाबी सबसे कठोर सजा की मांग कर रहा है।