डोनाल्ड ट्रंप ने रूस और यूक्रेन के बीच 'ऊर्जा युद्धविराम' का ऐलान किया, क्या बोले जेलेंस्की?
क्या है खबर?
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने दावा किया कि रूस और यूक्रेन तुरंत प्रभाव से 'ऊर्जा युद्धविराम' पर सहमत हो गए हैं। ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर इस समझौते की घोषणा कहा कि दोनों देश एक-दूसरे के ऊर्जा बुनियादी ढांचे को निशाना न बनाने पर सहमत हुए हैं। यह कदम रूसी तेल रिफाइनरियों पर हमलों के लिए यूक्रेनी राष्ट्रपति वलोडिमीर जेलेंस्की की आलोचना के एक दिन बाद उठाया गया है। हालांकि, जेलेंस्की ने इसे चौंकाने वाली खबर करार दिया है।
दावा
ट्रंप ने क्या किया दावा?
ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा, 'तुरंत प्रभाव से रूस और यूक्रेन के बीच चल रहे युद्ध में एक ऊर्जा युद्धविराम लागू हो गया है। दोनों पक्षों ने इस पर सहमति जताई है। इसे कोई भी देश बिल्कुल न तोड़े। धन्यवाद!'
हालांकि, ट्रंप ने यह साफ नहीं किया कि युद्धविराम की समय-सीमा क्या होगी और इसे कैसे लागू किया जाएगा।
इस घोषणा को लेकर क्रेमलिन (रूस) या व्हाइट हाउस की ओर से भी आधिकारिक लिखित दस्तावेज जारी नहीं हुआ है।
प्रतिक्रिया
जेलेंस्की ने दावे पर क्या दी प्रतिक्रिया?
एक्सियोस से बात करते हुए जेलेंस्की ने ट्रंप के दावे पर कहा, "ट्रंप की यह घोषणा मेरे लिए बिल्कुल नई खबर है, लेकिन अगर रूसी वास्तव में एक ऊर्जा युद्धविराम पर सहमत हो रहे हैं, तो यूक्रेन भी इसके लिए पूरी तरह तैयार है। अगर राष्ट्रपति ट्रंप ने व्लादिमीर पुतिन के साथ मिलकर बातचीत पूरी कर ली है, तो कृपया हमें बताएं कि यह युद्धविराम किस मिनट से शुरू हो रहा है? हम तैयार हैं और हम इसे स्वीकार करेंगे।"
शर्त
जेलेंस्की ने यह शर्त भी रखी
जेलेंस्की ने आगे कहा, "यूक्रेन इस युद्धविराम का समर्थन करता है और जरूरी है कि रूस भी इसका समर्थन करे। यूक्रेन हमेशा तनाव कम करने, लोगों की जान बचाने और युद्ध खत्म करने व स्थायी शांति सुनिश्चित करने के लिए जरूरी फैसलों का पूरी तरह से समर्थन करता है।"
उन्होंने चुनाव को लेकर आगे कहा, "राष्ट्रपति ट्रंप के प्रति पूरे सम्मान के साथ, यह हमारी जनता और हमारे समाज का काम है कि वे अपना नेता चुनें।"
स्थिति
जेलेंस्की द्वारा चुनाव कराने की पेशकश के बाद हुई घोषणा
यह युद्धविराम तब घोषित हुआ जब जेलेंस्की ने कहा था कि यदि रूसी राष्ट्रपति पुतिन 60 दिनों के युद्धविराम पर सहमत होते हैं तो वह यूक्रेन में चुनाव आयोजित करेंगे।
उन्होंने ABC के 'दिस वीक' कार्यक्रम में कहा, "कृपया पुतिन से कहिए, हमें दो महीने यानी 60 दिनों का पूर्ण युद्धविराम दीजिए और हम चुनाव आयोजित करेंगे।"
यह घोषणा ऐसे समय में आई है जब युद्ध शुरू होने के बाद से दोनों देश ऊर्जा अवसंरचना को निशाना बना रहे हैं।
युद्धविराम
क्या है 'ऊर्जा युद्धविराम'?
दरअसल, युद्ध के दौरान रूस और यूक्रेन ने बार-बार एक-दूसरे के ऊर्जा बुनियादी ढांचों पर हमले किए हैं।
हालांकि, ट्रंप ने युद्धविराम को लेकर ज्यादा जानकारी नहीं दी है, लेकिन माना जा रहा है दोनों देश अब एक-दूसरे के ऊर्जा ढांचों पर हमला नहीं करेंगे।
इससे पहले ट्रंप ने कहा था कि जेलेंस्की रूस के ऊर्जा संयंत्रों पर हमला कर रहे हैं, जिसके चलते वैश्विक बाजार में तेल महंगा हुआ है।
बयान
जेलेंस्की ने कहा था- रूस हमले रोकेगा तो हम भी नहीं करेंगे
आज ही जेलेंस्की ने कहा था कि अगर मॉस्को यूक्रेनी ऊर्जा ढांचों पर हमले बंद कर दे तो कीव भी रूसी तेल रिफाइनरियों पर हमले रोकने के लिए तैयार होगा।
उन्होंने कहा था, "अगर रूस हमारे ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर हमले बंद कर दे, तो यूक्रेन रूसी तेल रिफाइनरियों पर हमले बंद करने के लिए तैयार रहेगा। तनाव कम करने के सभी कदम पारस्परिक होने चाहिए और वास्तविक गारंटी द्वारा समर्थित होने चाहिए।"
समझौता
ट्रंप ने रूस के साथ डीजल समझौता किया
ट्रंप का ये ऐलान ऐसे वक्त आया है, जब हाल ही में उन्होंने रूस के साथ डीजल समझौते की घोषणा की है। इसके तहत, रूस अमेरिका को लगभग 50 लाख टन डीजल की आपूर्ति करेगा।
मध्यावधि चुनाव और डीजल की बढ़ती कीमतों को देखते हुए ये समझौता अहम है।
जेलेंस्की ने इस कदम की आलोचना की थी। उन्होंने कहा था कि रूस इस सौदे से हुई कमाई का इस्तेमाल यूक्रेन के खिलाफ युद्ध में करेगा।