पंथलासा समुद्र में स्थापित करेगी AI डाटा सेंटर, अरबों रुपयों की होगी बचत
एलन मस्क भले ही अंतरिक्ष में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) डाटा सेंटर बनाने की तैयारी में लगे हैं, लेकिन अमेरिका की स्टार्टअप पंथलासा ने एक अलग रास्ता चुना है। यह कंपनी तैरते हुए डाटा सेंटर तैयार कर रही है, जो समुद्र की लहरों से बिजली पैदा करेंगे और कूलिंग के लिए भी पानी का ही इस्तेमाल करेंगे।
पीटर थिएल, जॉन डोएर, मार्क बेनिओफ के टाइम वेंचर्स, मैक्स लेविचन के साइ-फाई वेंचर्स और गिगास्केल कैपिटल जैसे बड़े टेक फंड्स ने पंथलासा में निवेश किया है।
कंपनी की योजना है कि ये समुद्री डाटा सेंटर 2027 तक काम करना शुरू कर दें, जो मस्क की अंतरिक्ष से जुड़ी महत्वाकांक्षाओं को सीधी चुनौती देंगे।
ओशन-2 प्रोटोटाइप का परीक्षण हुआ सफल
पंथलासा ने अपने ओशन-2 प्रोटोटाइप का सफल परीक्षण वाशिंगटन के तट से दूर किया है। इस प्रोटोटाइप ने सिर्फ समुद्र की लहरों से 1 मेगावाट तक बिजली पैदा करके दिखाई।
गिगास्केल कैपिटल के संस्थापक माइक श्रोएफर का कहना है, "अगर, हम एक टन वजन को समुद्र में डालने और एक टन वजन को अंतरिक्ष में भेजने के खर्च की तुलना करें तो अंतरिक्ष में भेजना 100 गुना ज्यादा महंगा पड़ता है। ऐसे में हमें लागत के मामले में 100 गुना का फायदा है। मान लीजिए अगर, हमारा अनुमान थोड़ा गलत भी हो तो भी हमें कम से कम 10 गुना ज्यादा लागत का फायदा जरूर मिलेगा।"
इस टीम में स्पेस-X, टेस्ला और गूगल जैसी बड़ी कंपनियों के इंजीनियर शामिल हैं, जिन्होंने अपने इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट के लिए हाल ही में 14 करोड़ डॉलर (करीब 1,300 करोड़ रुपये) जुटाए हैं।