AI से नकली बैंक ऐप बनाकर लाखों उड़ाने वाला 18 साल का आरोपी गिरफ्तार
कानपुर के रहने वाले 18 साल के रोहित वीरेंद्र सिंह शाक्य को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। उस पर नकली बैंकिंग ऐप्स और मैलवेयर बनाने का आरोप है, जिनकी मदद से साइबर अपराधी लोगों के पैसे चुराते थे।
रोहित ने 11वीं कक्षा के बाद पढ़ाई छोड़ दी थी, लेकिन उसने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) टूल्स और टेलीग्राम का इस्तेमाल करके ऐसा सॉफ्टवेयर तैयार किया, जो लोगों के फोन से उनकी निजी जानकारी निकाल लेता था।
नकली PNB ऐप से उड़ाए 5 लाख रुपये
यह पूरा मामला तब सामने आया, जब एक पीड़ित ने व्हाट्सऐप पर आए एक नकली पंजाब नेशनल बैंक (PNB) ऐप को अपने फोन में इंस्टॉल कर लिया।
ऐप इंस्टॉल होते ही कुछ ही मिनटों में पीड़ित के बैंक खाते से 5 लाख रुपये गायब हो गए। बताया गया है कि शाक्य एक सब्सक्रिप्शन मॉडल पर अपना काम चलाता था।
वह अपने ग्राहकों से शुरुआत में 15,000 रुपये लेता था और उसके बाद हर महीने फीस भी वसूलता था। वह कई राज्यों के साइबर गिरोहों के लिए बैंकों और मशहूर ऑनलाइन सेवाओं जैसी दिखने वाली नकली ऐप्स बनाता था। अब पुलिस इस पूरे फ्रॉड में शामिल अन्य लोगों की भी तलाश कर रही है।