
बैटलग्राउंड्स मोबाइल इंडिया गेम ने करीब 50,000 अकाउंट्स पर लगाया बैन, ना करें ये गलतियां
क्या है खबर?
लोकप्रिय गेम बैटलग्राउंड्स मोबाइल इंडिया (BGMI) ने करीब 50,000 प्लेयर्स के अकाउंट्स पर बैन लगाया है।
कंपनी ने बताया है कि हजारों प्लेयर्स पर यह कार्रवाई केवल छह दिनों के अंदर की गई है और ये सभी गेम में फायदा पाने के लिए गलत टूल्स का इस्तेमाल कर रहे थे।
गेम डिवेलपर क्राफ्टॉन ने बताया है कि चीटिंग करने वाले इन प्लेयर्स के अकाउंट दोबारा रिकवर नहीं किए जा सकेंगे और इन पर परमानेंट बैन लगाया गया है।
नाम
चीटिंग करने वालों के नाम भी बताए
BGMI की ओर से आधिकारिक बयान जारी कर बताया गया कि 10 जनवरी से 16 जनवरी के बीच 48,847 अकाउंट्स पर परमानेंट बैन लगाया गया है।
डिवेलपर्स ने गेम में चीटिंग करने वालों के नामों की लिस्ट भी अपनी वेबसाइट पर शेयर की है।
ऐसा इसलिए किया गया है, जिससे गेमिंग के दौरान चीटिंग करने वालों को शर्मिंदा किया जा सके और दूसरे प्लेयर्स ऐसा करने की गलती ना करें।
बयान
बेहतर गेमिंग अनुभव देने की कोशिश
अपने बयान में BGMI ने कहा, "बैटलग्राउंड्स मोबाइल इंडिया लगातार कड़ी कार्रवाई कर रही है, जिसका मकसद अवैध प्रोग्राम्स और सॉफ्टवेयर के इस्तेमाल पर रोक लगाता है। प्लेटफॉर्म की कोशिश प्लेयर्स को अच्छा गेमिंग अनुभव देने की है, जिसे चीटर्स खराब ना कर पाएं।"
कंपनी पहले भी चीटिंग करने वाले लाखों प्लेयर्स पर टेंपरेरी और परमानेंट बैन लगाती रही है। पिछले साल नवंबर में भी 25 लाख से ज्यादा अकाउंट्स बैन किए गए थे।
अपडेट
नए अपडेट के बाद प्लेयर्स पर पेनाल्टी
गेम को हाल ही में 1.8.0 जनवरी अपडेट दिया गया है, जिसमें नए मैप और गेमिंग मोड्स मिले हैं।
अपडेट के बाद प्लेयर्स के 'मेरिट' स्कोर पर पेनाल्टी लगाई जाती है।
अपने टीम मेंबर पर अटैक या आपत्तिजनक चैट करने जैसी स्थिति में पॉइंट्स काट लिए जाते हैं।
इस तरह गेम में हाई मेरिट लेवल पर रहने के लिए प्लेयर्स को अच्छा माहौल बनाकर रखना होता है। अब प्लेयर्स किसी चीटर को बेहतर ढंग से रिपोर्ट कर सकते हैं।
सिस्टम
लगातार काम करता है एंटी-चीट सिस्टम
गेम में चीटिंग करने वालों को रोकने के लिए क्राफ्टॉन खास एंटी-चीट सिस्टम इस्तेमाल कर रही है।
यह सिस्टम पहले चीटर्स को पूरी तरह रोकने में कामयाब नहीं रहा था, जिसक बाद इसमें कई सुधार और बदलाव किए गए।
कंपनी ने पिछले साल इस सिस्टम में बेहतर चीट डिटेक्शन मैकेनिज्म शामिल किया था और इसका फायदा मिलने का दावा कर रही है।
साथ ही अब अकाउंट्स के साथ-साथ डिवाइस पर भी परमानेंट बैन लगाया जा रहा है।
बदलाव
डिवाइस पर दोबारा नहीं कर पाएंगे गेमिंग
बैटलग्राउंड्स मोबाइल इंडिया गेम खेलते वक्त चीटिंग टूल्स का इस्तेमाल करने की स्थिति में अकाउंट के बजाय अब डिवाइस को बैन किया जाएगा।
यानी कि जिस डिवाइस पर गेमिंग करते वक्त प्लेयर्स ने चीटिंग की होगी, उसपर वे दोबारा BGMI गेम नहीं खेल पाएंगे।
गेम को अनइंस्टॉल कर दोबारा इंस्टॉल करने या फिर VPN का इस्तेमाल करने जैसी तरकीबें भी ऐसी स्थिति में काम नहीं आएंगी।
इस तरह बैन किए गए डिवाइस पर फिर कभी BGMI नहीं खेला जा सकेगा।
सावधानी
ऐसा किया तो लग सकता है बैन
आपने गूगल प्ले स्टोर के बजाय किसी थर्ड पार्टी वेबसाइट से गेम डाउनलोड किया है, तो आप पर बैन लग सकता है।
इसके अलावा गेम का मॉडिफाइड (Mod) वर्जन इंस्टॉल करना और एक्सट्रा फीचर्स के साथ गेमिंग करना भारी पड़ सकता है।
ध्यान रहे, मोबाइल पर गेमिंग के लिए आप किसी थर्ड-पार्टी टूल की मदद ना लें क्योंकि कंपनी इन्हें सपोर्ट नहीं करती।
वहीं गेम में किसी यूजर पर शक होने पर आप उसे रिपोर्ट भी कर सकते हैं।
जानकारी
न्यूजबाइट्स प्लस
बैटलग्राउंड्स मोबाइल इंडिया गेम भारत में PUBG मोबाइल पर लगे बैन के बाद लॉन्च किया गया। इस गेम का कोई भी सर्वर चीन में नहीं है और गेमर्स का सारा डाटा भारत और सिंगापुर के सर्वर्स में ही प्रोसेस किया जाता है।