अमेजन की भारत में सैटेलाइट ब्रॉडबैंड विस्तार पर नजर
अमेजन के प्रोजेक्ट कुइपर के तहत अभी तक लगभग 400 सैटेलाइट्स धरती की निचली कक्षा में स्थापित किए जा चुके हैं।
कंपनी की योजना इस उपग्रह समूह को और बड़ा करने की है, ताकि उन जगहों तक तेज इंटरनेट पहुंच सके, जहां इसकी सबसे ज्यादा जरूरत है।
हाल ही में हुए एक अंतरिक्ष सम्मेलन में अमेजन ने बताया कि भारत उनकी प्राथमिकता सूची में सबसे ऊपर है। इसके पीछे 2 बड़े कारण हैं। पहला भारत में डिजिटल ग्रोथ का तेजी से बढ़ना और दूसरा दूरदराज के क्षेत्रों में अभी भी भरोसेमंद इंटरनेट की कमी है।
हर सप्ताह बना रही 15 से ज्यादा सैटेलाइट्स
अमेजन के लो अर्थ ऑर्बिट (LEO) यूनिट के अंतरराष्ट्रीय स्पेक्ट्रम प्रबंधन और रणनीति प्रमुख क्रिस हॉफर ने भारत को सबसे आशाजनक बाजारों में से एक बताया है।
उनके मुताबिक, भारत की तकनीक-केंद्रित सरकार और ब्रॉडबैंड की भारी मांग इसके मुख्य कारण हैं। काम को तेज गति देने के लिए अमेजन हर सप्ताह 15 से ज्यादा सैटेलाइट्स बना रहा है। अगर, कुइपर यहां लॉन्च होता है तो इसकी सीधी टक्कर स्पेस-X के स्टारलिंक और यूटेलसैट वनवेब जैसी कंपनियों से होगी। ये तीनों कंपनियां पूरे देश के ग्रामीण इलाकों को इंटरनेट से जोड़ने की होड़ में लगी हुई हैं।