उत्तर प्रदेश के बटाशे, दिल्ली के गोलगप्पे; मुंबई की पानीपुरी और बंगाल के पुचका में अंतर
क्या है खबर?
भारत के स्ट्रीट फूड की बात करें तो गोलगप्पे का नाम सबसे पहले आता है। गोलगप्पे का नाम सुनते ही मुंह में पानी आ जाता है। हालांकि, क्या आप जानते हैं कि उत्तर प्रदेश के बटाशे, दिल्ली के गोलगप्पे, मुंबई की पानीपुरी और पश्चिम बंगाल के पुचका में क्या अंतर है? अगर नहीं तो चलिए इन चारों व्यंजनों के बीच के अंतर के बारे में जानते हैं, ताकि आप इनका असली मजा ले सकें।
#1
उत्तर प्रदेश के बटाशे
उत्तर प्रदेश में बताशे सबसे ज्यादा पसंद किया जाने वाला स्ट्रीट फूड है। यह गोल आकार के कुरकुरे बताशे होते हैं, जिन्हें मैदे, गेहूं के आटे या सूजी से बनाया जाता है।
यह अन्य राज्यों से एकदम अलग है, क्योंकि इसमें सफेद मटर की फिलिंग की जाती है। यह मटर हल्की गर्म होती है। इसके बाद इसे खट्टे-मीठे पानी में डुबोकर खाया जाता है।
कई लोग यहां दही और चटनी वाले बताशे भी पसंद करते हैं।
#2
दिल्ली के गोलगप्पे
दिल्ली के गोलगप्पे उत्तर प्रदेश के बटाशों के मुकाबले थोड़े बड़े होते हैं। इसमें फिलिंग के तौर पर उबले हुए आलू भरकर परोसा जाता है, जो टुकड़ों में कटा होता है।
इसके बाद इसमें खट्टा-मीठा पानी डालकर इसे खाया जाता है। दिल्ली के गोलगप्पे का स्वाद तब ज्यादा अच्छे से आता है जब इनमें दही, चटनी और अनार दाना आदि डाला जाता है।
यहां ज्यादातर एक या 2 तरह के ही पानी मिलते हैं।
#3
मुंबई की पानीपुरी
मुंबई की पानीपुरी में भी फिलिंग के तौर पर उबले हुए आलू, छोले, मटर, प्याज और चटनी का इस्तेमाल किया जाता है। हालांकि, इसमें थोड़ा मसालेदार पानी शामिल होता है, जो इसे एक अलग स्वाद देता है।
साथ ही यहां पर फिलिंग के लिए आपको बटाटा यानि आलू और रगड़ा यानि मटर चुनना पड़ता है। इसके अलावा इसकी फिलिंग में कच्चे आम का भी इस्तेमाल किया जाता है।
मुंबई की पानीपुरी का स्वाद मसालेदार और चटपटा होता है।
#4
पश्चिम बंगाल का पुचका
पश्चिम बंगाल के पुचका को खास तौर से स्ट्रीट फूड के तौर पर पसंद किया जाता है, जिसे रोजाना हजारों लोग खाते हैं। इसका मुख्य अंतर इसकी फिलिंग और पानी में है।
पुचका में आलू और काले चने डाले जाते हैं और इसमें खट्टा-मीठा पानी डालकर इसे खाया जाता है। इसके अलावा पुचका को छोटे आकार के पतले गोलों में बनाया जाता है।
पुचका का स्वाद खास और अनोखा होता है।