मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी का बड़ा ऐलान, कहा- पश्चिम बंगाल में 6 महीनों में लागू होगा UCC
क्या है खबर?
पश्चिम बंगाल के मुख्यमंत्री सुवेंदु अधिकारी ने रविवार को बड़ा ऐलान किया है। विश्व हिंदू परिषद (VHP) के पूर्व अध्यक्ष अशोक सिंघल की जन्मशती के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम में मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में अगले 6 महीने के भीतर समान नागरिक संहिता (UCC) को लागू कर दिया जाएगा। इसके साथ ही उन्होंने कथित 'लव जिहाद', 'लैंड जिहाद' और जबरन धर्म परिवर्तन के खिलाफ बेहद सख्त कानून लाने का भी संकल्प दोहराया है।
बयान
मुख्यमंत्री अधिकारी ने क्या दिया बयान?
सार्वजनिक मंच से जनता और कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री अधिकारी ने कहा, "उत्तराखंड और गुजरात के बाद अब पश्चिम बंगाल में भी UCC लागू की जाएगी। मैं आपसे वादा करता हूं, मुझे 6 महीने का समय दीजिए। यह सरकार यहां किसी भी प्रकार की राष्ट्रविरोधी गतिविधि की अनुमति नहीं देगी।"
उन्होंने कहा, "आप हमें 6 महीने दीजिए, हम राज्य में लव जिहाद, लैंड जिहाद और जबरन धर्मांतरण के खिलाफ सख्त कानून लेकर आएंगे।"
रोजगार
रोजगार पर क्या बोले अधिकारी?
मुख्यमंत्री अधिकारी ने रोजगार के मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी से अपील की और उन लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, जिनके बारे में उन्होंने कहा कि वे देश में बाहर से आए हैं।
उन्होंने कहा, "मोदी जी, हमें नौकरियां दीजिए, हमें नौकरियां दीजिए। इस ताकत को जड़ से उखाड़ फेंकना होगा। प्रधानमंत्री ने भारत को पहले ही वैश्विक नेता बना दिया है, लेकिन भीतर से घुसपैठ करने वालों से भी एकता और संगठन के माध्यम से निपटना होगा।"
विभाजित
पिछली सरकार ने हमें विभाजित किया- अधिकारी
मुख्यमंत्री अधिकारी ने कहा, "कई वर्षों के बाद आपने अनेक सपनों के साथ एक राष्ट्रवादी सरकार को सत्ता में लाया है। ये सपने व्यर्थ नहीं जाएंगे। पिछली सरकार ने हमें बांट दिया था और पहाड़ियों में रहने वाले तमांग, लेपचा और राय समुदायों के साथ 11 अन्य समुदायों के बीच भी विभाजन पैदा कर दिया गया था।"
उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि राजबंशी समाज विभाजित हो गया है और मतुआ समुदाय 2 भागों में बंट गया है।
तैयारी
UCC के लिए क्या है सरकार की तैयारी?
मुख्यमंत्री अधिकारी ने स्पष्ट किया कि सरकार संविधान के दायरे में रहकर भारतीय संस्कृति, परंपराओं, मंदिरों और अपनी विरासत की रक्षा के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
सरकार ने राज्य के लिए UCC मसौदा तैयार करने और उसकी जांच के लिए सुप्रीम कोर्ट की पूर्व जज जस्टिस रंजना प्रकाश देसाई की अध्यक्षता में एक उच्च स्तरीय समिति का गठन पहले ही कर दिया है।
यह आयोग अगले 3-4 महीनों में जनता की प्रतिक्रियाओं की प्रक्रिया को पूरा करेगा।