
पुंछ में शहीद हुए जवानों के नाम हुए जारी, सेना ने बताया कैसे हुआ हमला
क्या है खबर?
भारतीय सेना ने जम्मू-कश्मीर के पुंछ में गुरुवार को हुए आतंकवादी हमले में शहीद हुए 5 जवानों के नाम जारी किए हैं। इनके नाम हवलदार मनदीप सिंह, लांस नायक देवाशीष बसवाल, लांस नायक कुलवंत सिंह, सिपाही हरकृष्ण सिंह और सिपाही सेवक सिंह हैं।
सेना ने आशंका जताई है कि आतंकवादियों ने हमले के लिए हैंड ग्रेनेड का इस्तेमाल किया है। सेना प्रमुख जनरल मनोज पांडे ने रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह को इस घटना की जानकारी दी है।
जानकारी
5 में से 4 शहीद पंजाब के
शहीद हुए 5 सैनिकों में से 4 पंजाब और 1 ओडिशा का रहने वाला था। देबाशीश बस्वाल ओडिशा के अलगुम सामिल खंडायत के निवासी थे। मंदीप सिंह पंजाब के चानकोईयां काकन, हरकृष्ण सिंह बारथ, कुलवंत सिंह चारिक और सेवक सिंह वाघा के रहने वाले थे।
हमला
वाहन में आग लगने से शहीद हुए थे 5 जवान
घटना गुरुवार दोपहर करीब 3 बजे की है। जम्मू-कश्मीर के पुंछ में सेना के वाहन पर अज्ञात आतंकियों ने हमला कर दिया था। इससे वाहन में आग लग गई और 5 जवानों की झुलसकर मौत हो गई, वहीं एक जवान घायल हो गया, जिसे राजौरी के सैनिक अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
ये सभी जवान राष्ट्रीय रायफल यूनिट के थे, जिन्हें इलाके में आतंकवादियों के मूवमेंट पर नजर रखने के लिए तैनात किया गया था।
ग्रेनेड
हमले के लिए ग्रेनेड का इस्तेमाल किए जाने की आशंका
हमले के बाद सेना ने बयान जारी कर कहा, "गुरुवार दोपहर करीब 3 बजे राजौरी सेक्टर में भीमबर गली और पुंछ के बीच चल रहे सेना के एक वाहन पर भारी बारिश और कम दृश्यता का फायदा उठाते हुए आतंकवादियों ने गोलाबारी की। आतंकवादियों द्वारा ग्रेनेड के संभावित उपयोग के कारण वाहन में आग लग गई। क्षेत्र में आतंकवाद विरोधी अभियानों के लिए तैनात राष्ट्रीय राइफल्स यूनिट के 5 जवानों ने इस दुर्भाग्यपूर्ण घटना में अपनी जान गंवा दी है।"
सर्च ऑपरेशन
इलाके में ड्रोन से सर्च ऑपरेशन जारी
घटना के बाद आतंकवादियों का पता लगाने के लिए शुक्रवार को जम्मू-कश्मीर के बाटा-डोरिया इलाके के जंगलों में बड़े पैमाने पर तलाशी अभियान शुरू किया गया है।
पूरे इलाके की घेराबंदी कर दी गई है और ड्रोन और स्निफर डॉग का इस्तेमाल किया जा रहा है।
हमले की जांच के लिए एक बम निरोधक दस्ता, विशेष अभियान समूह (SOG) और जम्मू में आतंकवाद विरोधी एजेंसी की एक टीम भी घटनास्थल पर मौजूद है।
NIA
NIA करेगी मामले की जांच
घटना की सूचना मिलते ही सेना के आला अफसर और पुलिस टीम मौके पर पहुंची और मामले की जांच में जुट गई है।
मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, घटना की जांच राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) करेगी। शुक्रवार सुबह NIA की टीम घटनास्थल पर पहुंच गई है।
इस हमले की जिम्मेदारी जैश समर्थित संगठन पीपल्स एंटी फासिस्ट फ्रंट (PAFF) ने ली है। यह संगठन 2019 में जम्मू-कश्मीर से धारा 370 हटने के बाद चर्चा में आया था।
बैठक
श्रीनगर में होनी है G20 की बैठक
भारत इस समय G20 समूह की अध्यक्षता कर रहा है। इसके तहत अलग-अलग बैठकें श्रीनगर और लद्दाख के लेह में होनी है। श्रीनगर में 22 से 24 मई और लद्दाख में 26 से 28 अप्रैल को ये बैठक होना प्रस्तावित है।
इन बैठकों पर पाकिस्तान पहले आपत्ति जता चुका है, जिस पर भारत ने कड़ा जवाब दिया था।
बैठक से पहले हमला कर आतंकवादी संदेश देना चाहते हैं कि घाटी में हालात सामान्य नहीं है।
निंदा
राजनीतिक दलों ने की हमले की निंदा
हमले की राजनीतिक दलों ने निंदा की है। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने ट्वीट कर लिखा कि जम्मू-कश्मीर के पुंछ जिले में सेना के वाहन पर हुए आतंकी हमले की कड़ी निंदा करता हूं। खड़गे ने कहा कि आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई में हम एकजुट हैं।
कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने भी ट्वीट कर शहीद जवानों को श्रद्धांजलि अर्पित की। उमर अब्दुल्ला, महबूबा मुफ्ती, योगी आदित्यनाथ, अरविंद केजरीवाल समेत कई नेताओं ने हमले की निंदा की।