केरल में मानसून की दस्तक का इंतजार? IMD का बड़ा ऐलान: 5 जून के बाद ही होगी आधिकारिक घोषणा
आप भी सोच रहे होंगे कि केरल में दक्षिण-पश्चिम मानसून आधिकारिक तौर पर कब दस्तक देगा? भारतीय मौसम विभाग (IMD) इसकी घोषणा से पहले 3 खास बातों पर ध्यान देता है: पर्याप्त बारिश, तेज पश्चिमी हवाएं और आसमान में घने बादल छाना। भले ही केरल में अभी कुछ शुरुआती बारिश हो रही हो, लेकिन IMD का कहना है कि मानसून की पूरी तरह घोषणा 5 या 6 जून के बाद ही हो पाएगी।
60 प्रतिशत स्टेशनों पर 2.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज होना जरूरी
मानसून की घोषणा के लिए केरल और लक्षद्वीप के 14 मुख्य मौसम निगरानी केंद्रों (स्टेशनों) में से कम से कम 60 प्रतिशत लगातार 2 दिनों तक 2.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज होना जरूरी है। इसके साथ ही, अरब सागर पर हवाएं भी काफी तेज होनी चाहिए, जिनकी रफ्तार 15 से 20 नॉट तक हो।
वहीं, सैटेलाइट डेटा में भी आसमान में घने बादल दिखाई देने चाहिए। दक्षिण-पश्चिम मानसून भारत के लिए बहुत अहम है। यह देश की कुल सालाना बारिश का 70 प्रतिशत से ज्यादा हिस्सा लाता है, जो गर्मियों में खेती और पानी की आपूर्ति को बनाए रखने के लिए बेहद जरूरी है।