
सेना प्रमुख जनरल रावत ने भरी तेजस में उड़ान, कहा बढ़ेगी देश की हवाई शक्ति
क्या है खबर?
थल सेना प्रमुख जनरल बिपिन रावत ने गुरुवार को भारत में बने हल्के लड़ाकू विमान तेजस में उड़ान भरी।
बेंगलुरू में चल रहे एयरो स्पेस 2019 के दौरान जनरल रावत ने दो-सीटर ट्रेनर विमान में बैठकर येलहंका एयरफोर्स स्टेशन पर उड़ान भरी।
बता दें, लंबे इंतजार के बाद तेजस को भारतीय वायुसेना में शामिल किया गया है। यह एयरक्राफ्ट आसानी से भारी हथियारों को ले जा सकता है और दूर से ही दुश्मनों को मार गिराने में सक्षम है।
क्या आप जानते हैं?
इन फीचर से लैस है तेजस
तेजस में चौथी पीढ़ी की तकनीक का इस्तेमाल किया गया है। इसमें फ्लाई-बाई-वायर फ्लाइट कंट्रोल सिस्टम, इलेक्ट्रो-मैकेनिकल इंस्ट्रूमेंट और पल्स-डोपलर मल्टी-मोड राडार लगी है, जो हवा से हवा और हवा से जमीन तक प्रभावी तरीके से काम कर सकती है।
ट्विटर पोस्ट
तेजस में उड़ान भरने के बाद जनरल रावत
#WATCH Chief of the Army Staff General Bipin Rawat after taking a sortie in Light Combat Aircraft - Tejas in Bengaluru. pic.twitter.com/OOqlAARRWm
— ANI (@ANI) February 21, 2019
खासियत
हवा में रहते एयरक्राफ्ट में भरा जा सकता है ईंधन
तेजस की सबसे खास बात यह है कि इसमें हवा में ही ईंधन भरा जा सकता है।
साल 2018 में इसका सफलतापूर्वक ट्रायल किया गया था। तब इसमें 20,000 फीट की ऊंचाई पर 1,900 लीटर ईंधन भरा गया था।
इस खासियत के सहारे तेजस लंबे समय तक उड़ान भर सकता है। उसे ईंधन भरने के लिए जमीन पर उतरने की जरूरत नहीं होगी।
जनरल रावत ने तेजस की इन खूबियों पर संतुष्टि प्रकट की है।
बयान
भारत की हवाई शक्ति को बढ़ाएगा तेजस: जनरल रावत
तेजस में अपनी उड़ान के अनुभव के बारे में बताते हुए जनरल रावत ने कहा, "जहां तक मेरा अनुभव है यह एयरक्राफ्ट शानदार है। इसकी लक्ष्य साधने की क्षमता काफी अच्छी है।"
उन्होंने कहा कि यह एयरक्राफ्ट भारत की हवाई क्षमता में इजाफा करेगा।
जानकारी के लिए बता दें कि तेजस पूरी तरह भारत में निर्मित एयरक्राफ्ट है।
एयरोनॉटिकल डेवलेपमेंट एजेंसी (ADA) द्वारा डिजाइन किए गए इस एयरक्राफ्ट का निर्माण हिंदुस्तान एयरोनॉटिक्स लिमिटेड (HAL) ने किया है।
तेजस
वायुसेना में शामिल हुआ तेजस
तेजस को बुधवार को भारतीय वायुसेना में औपचारिक तौर पर शामिल कर लिया गया।
तेजस को अंतिम संचालन मंजूरी (FOA) मिल गई है। इस मौके पर वायु सेनाप्रमुख बीएस धनोआ ने कहा कि तेजस ने लक्ष्य को भेदने में अपनी सटीकता साबित की है।
बता दें, भारत के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने ही इस विमान को तेजस नाम दिया था।
बेंगलुरू एयर शो में तेजस ने अपनी पहली उड़ान में वाजपेयी को श्रद्धांजलि देते हुए उड़ान भरी थी।
ट्विटर पोस्ट
अटल बिहारी वाजपेयी को दी श्रद्धांजलि
#WATCH: Indigenous Light Combat Aircraft (LCA) performs at the #AeroIndia2019 in Bengaluru; also pays homage to former Prime Minister Atal Bihari Vajpayee who gave it the name 'Tejas' pic.twitter.com/qZJSt38NrH
— ANI (@ANI) February 20, 2019
जानकारी
वायुसेना ने दिया 83 तेजस का ऑर्डर
वायुसेना प्रमुख धनोआ ने कहा कि वायुसेना ने 83 एडवांस्ड तेजस विमानों का ऑर्डर दिया है। भविष्य की योजनाओं के बारे में बताते हुए उन्होंने कहा कि वायुसेना पुराने जगुआर, मिराज और मिग 29 विमानों की भी बदलेगी।