LOADING...
22 लाख छात्रों ने दोबारा दी NEET परीक्षा, पेपर लीक से अब तक क्या-क्या हुआ? 
देशभर में आज 22 लाख से ज्यादा छात्रों ने दोबारा NEET की परीक्षा दी

22 लाख छात्रों ने दोबारा दी NEET परीक्षा, पेपर लीक से अब तक क्या-क्या हुआ? 

लेखन आबिद खान
Jun 21, 2026
06:05 pm

क्या है खबर?

देशभर में आज NEET-UG की दोबारा परीक्षा आयोजित की गई। 22.79 लाख से ज्यादा छात्रों ने कड़ी सुरक्षा के बीच परीक्षा दी। इसके लिए देशभर के 500 से ज्यादा शहरों में 5,440 केंद्र बनाए गए। पिछले पेपर लीक से सबक लेते हुए इस बार सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए। पेपर छपने से लेकर परीक्षा केंद्र तक पहुंचाने की व्यवस्था चाक-चौबंद की गई। आइए पिछली परीक्षा से अब तक के घटनाक्रम जानते हैं।

परीक्षा

3 मई को हुई थी परीक्षा

NEET-UG की परीक्षा 3 मई को 551 शहरों और विदेश के 14 केंद्रों पर हुई थी। इसमें करीब 20 लाख उम्मीदवार शामिल हुए थे। पेपर होने के लगभग तुरंत बाद ही लीक होने की खबरें आने लगीं। परीक्षा के तुरंत बाद आरोप सामने आए कि परीक्षा से पहले ही प्रश्न पत्र लीक हो गया था। इसके तार राजस्थान से लेकर हरियाणा, केरलम और महाराष्ट्र तक जुड़े। NTA ने बताया कि उसे 7 मई की शाम गड़बड़ी की सूचना मिली।

रद्द

12 मई को रद्द हुई परीक्षा

छात्रों, अभिभावकों और कोचिंग संस्थानों से मिली शिकायतों और आरोपों के कारण परीक्षा की जांच-पड़ताल शुरू हो गई। बढ़ते दबाव के बीच 12 मई को परीक्षा रद्द कर दी गई। शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने माना कि गड़बड़ी हुई थी। शुरुआती जांच राजस्थान पुलिस ने की, लेकिन बाद में मामला मामले विस्तृत जांच के लिए केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) को सौंप दिया गया। 15 मई को दोबारा परीक्षा की तारीख का ऐलान हुआ।

Advertisement

CBI

CBI ने की ताबड़तोड़ गिरफ्तारियां

CBI ने संकेत दिए कि ये बड़े गिरोह का काम था। राजस्थान से लेकर महाराष्ट्र से कई गिरफ्तारियां की गईं। इनमें पेपर खरीदने वाले, लीक करने वाले और NTA से जुड़े नामी-गिरामी प्रोफेसर तक शामिल थे। महाराष्ट्र से पकड़े गए प्रोफेसर NTA में विषय विशेषज्ञ और अनुवादक थे। CBI को जांच में पता चला कि अनुवाद की प्रक्रिया के दौरान इन प्रोफेसरों ने सवाल रट लिए थे और बाद में छात्रों को बताए।

Advertisement

राजनीति

जोर पकड़ने लगी शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग

पेपर लीक के मुद्दे पर सरकार विपक्ष के निशाने पर आ गई। शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग जोर पकड़ने लगी। युवक कांग्रेस ने कई शहरों में प्रदर्शन किया। खुद राहुल गांधी ने मुद्दे पर कई बार सरकार को घेरा। मामला सुप्रीम कोर्ट भी पहुंचा। इसी बीच कॉकरोच जनता पार्टी के संस्थापक अभिजीत दिपके भी अमेरिका से भारत लौटे और पहले ही प्रदर्शन में प्रधान की इस्तीफे की मांग उठाई।

सुप्रीम कोर्ट

सुप्रीम कोर्ट ने NTA को फटकारा

25 मई को सुप्रीम कोर्ट ने NTA को फटकार लगाते हुए कहा कि ये दुखद है कि NTA ने पहले हुए पेपर लीक से कोई सबक नहीं लिया। 29 मई को सुप्रीम कोर्ट ने फिर NTA को फटकार लगाई। कोर्ट ने कहा, "जवाबदेही तय होने तक ऐसी घटनाएं रुकने वाली नहीं हैं। UPSC तो बड़े पैमाने पर परीक्षा करवाता है, वहां कभी पेपर लीक नहीं हुआ। NTA को उनसे सीखने की जरूरत है।"

टेलीग्राम

16 जून: टेलीग्राम पर लगा प्रतिबंध

16 जून को सरकार ने NTA के इनपुट के आधार पर टेलीग्राम पर प्रतिबंध लगा दिया। सरकार ने दावा किया कि ये अपराधियों और आतंकियों का अड्डा है। सरकार के इस कदम की कुछ हलकों में आलोचना भी हुई। अगले ही दिन प्रतिबंध के खिलाफ टेलीग्राम ने हाई कोर्ट का रुख किया, लेकिन वहां से राहत नहीं मिली। कोर्ट ने कहा कि सरकार के पास ऐसा करने का अधिकार है।

दोबारा परीक्षा

21 जून: कड़ी सुरक्षा के बीच दोबारा परीक्षा

आज 2 बजे से 5:15 बजे तक 22.79 लाख से ज्यादा छात्रों ने दोबारा से NEET की परीक्षा दी। इस दौरान केंद्रों पर 2 लाख से ज्यादा सुरक्षाकर्मी, 674 सिटी कोऑर्डिनेटर और 6,669 ऑब्जर्वर तैनात किए गए। वायुसेना ने 200 से ज्यादा उड़ानों के जरिए प्रश्नपत्र देशभर में पहुंचाए। NTA ने बताया कि 95,000 केंद्रों में CCTV निगरानी की व्यवस्था की गई है। कुल 1.38 लाख कैमरे लगाए गए। 51,311 जैमर भी लगाए गए।

Advertisement