बांग्लादेश ने भारतीयों के लिए वीजा सेवाएं बहाल कीं, भारत की क्या है योजना?
क्या है खबर?
भारत और बांग्लादेश के संबंधों में कई महीनों के तनाव के बाद अब नरमी आ रही है। बांग्लादेश ने सभी श्रेणियों में भारतीय नागरिकों के लिए वीजा सेवाओं को पूरी तरह से शुरू कर दिया है। भारत में बांग्लादेश के सभी वीजा केंद्र काम कर रहे हैं। दिल्ली स्थित बांग्लादेश के उच्चायोग और कोलकाता, अगरतला, मुंबई और चेन्नई में कॉन्सुलर कार्यालयों ने 20 फरवरी के बाद से भारतीयों को 13,000 से ज्यादा वीजा जारी किए हैं।
भारत
भारत भी चरणबद्ध तरीके से शुरू करेगा वीजा सेवाएं
द इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, भारत अगले कुछ हफ्तों में धीरे-धीरे वीजा सेवाओं को फिर से शुरू बहाली करने का लक्ष्य बना रहा है। राष्ट्रीय राजधानी में अधिकारियों का कहना है कि 2025 के आखिर में सुरक्षा से जुड़ी चिंताएं सामने आने के बाद भी सेवाएं कभी पूरी तरह से बंद नहीं की गई थीं, लेकिन काफी पाबंदियां लगाई गई थीं। भारत हर वीजा आवेदन पर व्यक्तिगत तौर पर विचार कर फैसला लेता था।
बयान
भारत भी जल्द वीजा सेवाएं शुरू करेगा- रिपोर्ट
बांग्लादेश के उच्चायुक्त रियाज हामिदुल्ला ने इंडियन एक्सप्रेस कहा "पिछले साल दिसंबर में हमारे कुछ केंद्रों पर वीजा सेवाओं को कुछ समय के लिए रोकना पड़ा था लेकिन फरवरी में उन्हें फिर से बहाल कर दिया गया।" रिपोर्ट में कहा गया है कि नए भारतीय उच्चायुक्त दिनेश त्रिवेदी के जल्द ही पदभार संभालने के साथ यह उम्मीद की जा रही है कि भारत भी वीजा सेवाओं को पूरी तरह से फिर से शुरू कर देगा।
अपील
बांग्लादेश ने भारत से की अपील
द डेली स्टार के अनुसार, विदेश मंत्री खलीलुर रहमान ने कहा कि बांग्लादेश ने भारत से बांग्लादेशी नागरिकों के लिए वीजा जारी करने की प्रक्रिया को सामान्य बनाने का आग्रह किया है। संसद में एक सवाल का जवाब देते हुए रहमान ने कहा, "बांग्लादेश और भारत के बीच द्विपक्षीय संबंध एक मजबूत एकजुटता को दर्शाते हैं, जो साझा मूल्यों, ऐतिहासिक जुड़ावों और लोगों के बीच आपसी संबंधों पर आधारित है। उम्मीद है जल्द ही सकारात्मक बदलाव देखने को मिलेंगे।"
सुधार
बांग्लादेश में नई सरकार आने के बाद सुधर रहे हैं संबंध
मोहम्मद युनूस के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार के कार्यकाल में भारत-बांग्लादेश के संबंध काफी खराब हो गए थे। हालांकि, तारिक रहमान के प्रधानमंत्री बनने के बाद संबंधों में सुधार हुआ है। फरवरी में भारतीय विदेश सचिव विक्रम मिसरी और लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला तारिक के शपथ ग्रहण समारोह में शामिल हुए थे। पिछले महीने बांग्लादेश के विदेश मंत्री ने भारत का दौरा किया था। इस दौरान वीजा के अलावा कई मुद्दों पर चर्चा हुई थी।