
किसान आंदोलन: भारतीय हस्तियों के ट्वीट मामले में भाजपा IT सेल प्रमुख शामिल- महाराष्ट्र के मंत्री
क्या है खबर?
महाराष्ट्र के गृह मंत्री अनिल देशमुख ने किसान आंदोलन पर देश की कई प्रमुख हस्तियों के ट्वीट्स के खिलाफ चल रही जांच को लेकर बड़ा दावा किया है।
उन्होंने कहा कि अभी तक की जांच में भारतीय जनता पार्टी की IT सेल के प्रमुख और 12 इंफ्लुएंसर्स का नाम सामने आया है।
बता दें कि भाजपा की IT सेल के प्रमुख अमित मालवीय हैं।
साथ ही देशमुख ने कहा कि उन्होंने कभी हस्तियों की जांच कराने की बात नहीं की।
पृष्ठभूमि
क्या है मामला?
पॉप स्टार रिहाना और पर्यावरण कार्यकर्ता ग्रेटा थनबर्ग ने किसान आंदोलन के प्रति समर्थन जताते हुए ट्वीट किए थे।
इनके बाद अक्षय कुमार, अजय देवगन, लता मंगेशकर, सचिन तेंदुलकर, साइना नेहवाल समेत कई हस्तियों ने इसी मामले में ट्वीट किए थे।
इन्हें सरकार का समर्थन करते हुए रिहाना और ग्रेटा के ट्वीट्स का जवाब माना गया था। इनमें कई शब्द एक जैसे थे।
इसे लेकर आरोप लगे थे कि इन्होंने भाजपा के दबाव में आकर ये ट्वीट किए हैं।
जांच
महाराष्ट्र पुलिस का खुफिया विभाग कर रहा जांच
मीडिया से बात करते हुए देशमुख ने कहा कि अभी तक की जांच में भाजपा IT सेल के प्रमुख और 12 इंफ्लुएर्स का नाम सामने आया है।
गौरतलब है कि महाराष्ट्र पुलिस का खुफिया विभाग उन आरोपों की जांच कर रहा है, जिनमें कहा गया है कि किसान आंदोलन को लेकर इन हस्तियों पर सरकार का समर्थन करने के लिए दबाव डाला गया था।
महाराष्ट्र सरकार में सहयोगी कांग्रेस पार्टी ने इस जांच की मांग की थी।
बयान
हस्तियों की जांच की बात कभी नहीं कही- देशमुख
इस दौरान देशमुख ने यह भी कहा कि उन्होंने कभी भी ट्वीट करने वाली हस्तियों की जांच की बात नहीं कही।
उन्होंने कहा, "मेरे बयान को तोड़ा-मरोड़ गया था। मैंने कभी नहीं कहा कि हस्तियों की जांच होगी। लता मंगेशकर हमारे लिए भगवान हैं। सचिन तेंदुलकर की पूरी दुनिया इज्जत करती है। हम इस मामले में भाजपा IT सेल की भूमिका का पता लगा रहे हैं और देख रहे हैं कि क्या ये ट्वीट्स प्रभाव में आकर किए गए थे।"
ट्विटर पोस्ट
पुलिस कर रही कार्रवाई- देशमुख
are also respected by the people across the nation hence, there is no question of probing them. A preliminary investigation by MH Police has revealed that BJP's IT cell chief and 12 other influencers are involved in the tweet case and police are taking action accordingly. (2/2)
— ANIL DESHMUKH (@AnilDeshmukhNCP) February 15, 2021
सियासत
जांच के आदेश को लेकर तेज हुई थी राजनीति
महाराष्ट्र सरकार के इस मामले में भाजपा की भूमिका की जांच के आदेश दिए जाने के बाद राज्य की राजनीति गर्म हो गई थी।
भाजपा नेता और पूर्व मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़णवीस ने प्रतिक्रिया देते हुए इस आदेश को अपमानजनक बताया था।
उन्होंने ट्विटर पर लिखा था कि पूरे देश में ऐसे रत्न कहीं नहीं मिलेंगे, जो हमेशा देश के लिए खड़े होने वाले भारतरत्नों के खिलाफ जांच का आदेश देते हैं।
प्रतिक्रिया
कांग्रेस ने किया था पलटवार
वहीं फड़णवीस के बयानों पर पलटवार करते हुए महाराष्ट्र कांग्रेस के प्रवक्ता सचिन सावंत ने पूछा था कि इन हस्तियों के ट्वीट्स में एक जैसे शब्द इस्तेमाल क्यों किए गए हैं?
उन्होंने आगे कहा कि ऐसी संभावना है कि कुछ हस्तियों पर भाजपा द्वारा दबाव बनाया जा रहा है। उन्हें सुरक्षा देने की जरूरत है। अपने ट्वीट में सावंत ने आगे लिखा कि जिन्होंने व्यक्तिगत राय रखी है, उनके विचारों का स्वागत है।