रत्ना पाठक सिस्टम पर बरसीं, बोलीं- अपने छात्रों के साथ खड़े नहीं हो सकते, कैसा विश्वगुरु?
क्या है खबर?
दिग्गज अभिनेत्री और नसीरुद्दीन शाह की पत्नी रत्ना पाठक शाह ने दिल्ली के जंतर-मंतर पर शिक्षा सुधारों की मांग कर रहे छात्रों का समर्थन करते हुए एक वीडियो जारी किया है। 69 वर्षीय अभिनेत्री ने महाभारत के 'एकलव्य' का उदाहरण देते हुए देश को 'विश्वगुरु' बताने वाले दावों पर तीखा सवाल उठाया। उन्होंने कहा कि आज फिर वही इतिहास दोहराया जा रहा है, जहां छात्रों से उनका अंगूठा मांगकर युवाओं के उज्ज्वल भविष्य को छीना जा रहा है।
भड़ास
एकलव्य का जिक्र कर शिक्षा व्यवस्था पर बरसीं रत्ना
वीडियो में अभिनेत्री ने कहा, "जब मैं बच्ची थी, तब मैंने एक कहानी सुनी थी जिसने मेरे रोंगटे खड़े कर दिए थे- एकलव्य की कहानी। मैं हैरान रह गई थी। मुझे याद है मैं सोचती थी कि यह कैसा गुरु है, जो एक बच्चे से, अपने ही शिष्य से अंगूठे के रूप में उसका पूरा भविष्य मांग लेता है?"
फिर आगे रत्ना ने भारत की शिक्षा व्यवस्था के कर्ता-धर्ताओं और ठेकेदारों पर तीखे सवाल खड़े किए।
तंज
विश्वगुरु के दावों पर रत्ना का तंज
रत्ना ने आगे कहा, "आज मुझे आखिरकार समझ आ गया है कि वो कैसा गुरु था और आज भी हमारे आसपास किस तरह के गुरु बने हुए हैं। हम खुद को 'विश्वगुरु' बनाने की बातें तो करते हैं, लेकिन अपने ही छात्रों के साथ खड़े होने या उनसे जुड़ने तक की जहमत नहीं उठाते। ये बेहद हैरान करने वाला है। आखिर हम किस तरह के शिक्षक हैं?"
रत्ना ने फिर जंतर मंतर में जारी छात्र आंदोलन का भी जिक्र किया।
दो टूक
कुर्सी बचाने के लिए युवाओं का नुकसान- रत्ना
अभिनेत्री ने कहा, "हम इन युवाओं से अपने पूरे भविष्य की कुर्बानी देने की उम्मीद करते हैं ताकि सत्ता में बैठे लोग अपनी कुर्सियाँ बचा सकें। यह कैसे शिक्षक हैं? अब खुद से यह सवाल पूछने का वक्त आ गया है।"
छात्रों को संबोधित करते हुए रत्ना पाठक भावुक भी हो गईं। उन्होंने स्वीकार किया कि हालात को इतना बिगड़ने देने के लिए उनकी पीढ़ी जिम्मेदार है, जिसने चेतावनी के संकेत देखकर भी समय रहते कदम नहीं उठाए।
माफी और वादा
छात्रों से माफी और समर्थन का वादा
रत्ना ने कहा, "अब समय आ गया है कि हम आपसे माफी मांगें। मेरी पीढ़ी ने ही हालात यहां तक पहुंचने दिए। हम सब होते देख रहे थे, फिर भी सही समय पर इसे रोक नहीं पाए, इसलिए अब हमारे पास आपको राह दिखाने का नैतिक अधिकार नहीं बचा।"
अपनी अपील समाप्त करते हुए अभिनेत्री ने छात्रों को समर्थन कर कहा, "लेकिन आपके साथ खड़े होने की हमारी पूरी निष्ठा है। आप जब भी बुलाएंगे, हम आपके साथ खड़े मिलेंगे।"