भारत में 2034 तक 1.9 लाख अरब रुपये के पार जाएगा वैकल्पिक निवेश बाजार
भारत का वैकल्पिक निवेश का बाजार 400 अरब डॉलर (करीब 38,000 अरब रुपये) से बढ़कर 2034 तक 2,000 अरब डॉलर (करीब 1.9 लाख अरब रुपये) से भी ज्यादा हो जाएगा।
यह जानकारी जूलियस बेयर और EY की एक रिपोर्ट में सामने आई है। दरअसल, अमीर निवेशक ऐसे मौके तलाश रहे हैं, जो शेयर बाजार के उतार-चढ़ाव से आजाद हों और जहां उन्हें बेहतर रिटर्न मिल सके।
इसीलिए वे प्राइवेट फंड, ऑफशोर विकल्प और फैमिली ऑफिस जैसे तरीकों का रुख कर रहे हैं।
फैमिली ऑफिस कर रहे तकनीकी स्टार्टअप्स का समर्थन
फैमिली ऑफिस अब केवल पैसे लगाने से आगे बढ़कर खुद सक्रिय होकर स्टार्टअप्स और तकनीकी उद्यमों को बढ़ावा दे रहे हैं। वे अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), क्लीन एनर्जी, सेमीकंडक्टर और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर जैसे क्षेत्रों में निवेश करने वाले बड़े खिलाड़ी बन गए हैं।
बता दें कि भारत में 19,000 से ज्यादा बहुत ज्यादा धनी व्यक्ति हैं और अनुमान है कि 2031 तक इनकी संख्या 25,000 से भी ज्यादा हो जाएगी।
इसके अलावा, जहां 2018 में देश में करीब 45 फैमिली ऑफिस थे, वहीं 2024-25 तक इनकी संख्या बढ़कर लगभग 300 हो जाएगी। ये सभी मिलकर देश में निवेश के भविष्य को आकार दे रहे हैं।