AI के सामने बिटकॉइन की चमक फीकी, पूंजीकरण करीब 1.1 लाख अरब रुपये घटा
पिछले साल अपने रिकॉर्ड ऊंचाई छूने के बाद बिटकॉइन अब 60,000 डॉलर (करीब 57 लाख रुपये) के आस-पास रह गया है, जिससे इसके बाजार पूंजीकरण में 1,200 अरब डॉलर (करीब 1.1 लाख अरब रुपये) का भारी घाटा हुआ है।
इसकी मुख्य वजह यह है कि निवेशक अब आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) शेयरों की तरफ तेजी से बढ़ रहे हैं। उन्हें टेक्नोलॉजी सेक्टर में बड़े मुनाफे की उम्मीद दिख रही है और AI का बढ़ता क्रेज भी उन्हें खूब लुभा रहा है।
उच्च ब्याज दरों ने भी घटाया निवेश
इन दिनों AI कंपनियां खूब सुर्खियां बटोर रही हैं और बड़ी पूंजी भी आकर्षित कर रही हैं, वहीं ऊंची ब्याज दरें बिटकॉइन जैसे जोखिम भरे निवेशों को कम आकर्षक बना रही हैं।
बढ़ती महंगाई और फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कटौती न करने की वजह से क्रिप्टोकरेंसी के लिए मुकाबला करना मुश्किल हो रहा है। इसकी वजह यह भी है कि निवेशक अभी AI सेक्टर में ज्यादा मुनाफे की उम्मीद देख रहे हैं।