4 में से 3 भारतीय प्रसूताओं को क्यों छोड़नी पड़ रही नौकरी? अध्ययन में खुलासा
अशोका यूनिवर्सिटी की एक नई रिपोर्ट सामने आई है कि भारत में 4 में से 3 महिलाएं बच्चे के जन्म के बाद अपनी नौकरी छोड़ देती हैं।
दूसरी तरफ, जो महिलाएं काम पर लौटती हैं, उनमें से लगभग आधी तो 4 महीने के भीतर ही नौकरी छोड़ देती हैं। इस स्थिति से कंपनियों को भी परेशानी हो रही है। उन्हें काबिल और अनुभवी कर्मचारियों को बनाए रखना मुश्किल हो रहा है, जिससे नई भर्तियां करने का खर्च भी बढ़ जाता है।
कार्यस्थल पर बच्चों की देखभाल की है जरूरत
विशेषज्ञ बताते हैं कि इसकी मुख्य वजह घर पर बच्चों की देखभाल की भारी जिम्मेदारी और कामकाज वाली जगह पर मिलने वाले सहयोग की कमी है।
द बनयान की निदेशक स्वाति जैन कहती हैं कि अगर, कंपनियां महिला कर्मचारियों को अपने साथ बनाए रखना चाहती हैं तो उन्हें बच्चों की देखभाल को एक गंभीर कार्यस्थल संबंधी मुद्दा मानना होगा।
इसके लिए बेहतर शिशु देखभाल की सुविधाएं, काम के घंटों में ज्यादा लचीलापन और प्रसूति अवकाश के बाद भी लगातार सहायता जैसे कदम उठाने होंगे।
ये सभी उपाय कार्यबल में खाली जगहों को भरने में मदद करेंगे और साथ ही भारत में महिलाओं की भागीदारी दर को भी बढ़ाएंगे।