अमेरिका ने ईरान का जहाज डूबोया, कहा- समुद्र की तलहटी में अपनी नौसेना से जा मिला
क्या है खबर?
अमेरिका की केंद्रीय कमान (CENTCOM) ने दावा किया कि उसने ईरान के साथ चल रहे युद्ध के दौरान एक और जहाज पर हमला किया है। CENTCOM ने बताया कि उसने ओमान की खाड़ी में MT काइलो नामक जहाज पर हमला किया है। ये दशकों में ईरान के पेट्रोलियम बुनियादी ढांचे के खिलाफ सबसे महत्वपूर्ण सैन्य कार्रवाइयों में से एक है। इस जहाज पर कोमोरोस का झंडे लगा था और इसे नॉक्सन के नाम से भी जाना जाता है।
बयान
अमेरिका ने 3 जहाजों पर किया हमला
CENTCOM ने कहा, 'अमेरिकी सैन्य कर्मियों की सटीकता और व्यावसायिकता के बदौलत, MT काइलो आज ओमान की खाड़ी में डूब गया और समुद्र की तलहटी में ईरान की नौसेना में शामिल हो गया।'
इससे पहले CENTCOM ने दावा किया था कि उसने शनिवार को 3 ईरानी तेल टैंकरों पर हमला किया था। हमले में MT डाउनी और MT स्टार्क 1 स्थायी रूप से निष्क्रिय हो गए लेकिन पानी पर तैरते रहे, जबकि काइलो डूब गया।
ट्विटर पोस्ट
जहाज पर हमले का वीडियो
Thanks to the precision and professionalism of American service members, the M/T Kylo sank in the Gulf of Oman today and joined Iran’s navy at the bottom of the sea. pic.twitter.com/OwSDMl8SSQ
— U.S. Central Command (@CENTCOM) September 6, 2026
ईरान
ईरान ने भी अमेरिकी युद्धपोत पर किए हमले
ईरान ने दावा किया है कि उसके इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (IRGC) ने एक अमेरिकी विमानवाहक पोत और एक अमेरिकी नौसेना विध्वंसक पोत पर कई बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं।
अल जजीरा की रिपोर्ट के अनुसार, IRGC ने कहा कि 2 अमेरिकी युद्धपोतों को इसलिए निशाना बनाया गया क्योंकि वे ईरानी जहाजों को परेशान कर रहे थे और नौसैनिक नाकाबंदी में भाग ले रहे थे।
IRGC ने कहा कि हमले के बाद दोनों जहाज क्षेत्र से भाग गए।
ईरान का बयान
ईरान ने हमलों की निंदा की
भारत में स्थित इस्लामिक रिपब्लिक ऑफ ईरान के दूतावास ने अमेरिकी हमलों की ईरान की ओर से निंदा की। दूतावास ने इन कार्रवाइयों को 'अवैध और गैर-जिम्मेदाराना' बताते हुए इन्हें ईरान के खिलाफ अमेरिकी सैन्य आक्रामकता, नौसैनिक नाकाबंदी और आर्थिक युद्ध की निरंतरता करार दिया।
दूतावास ने कहा, "ये हमले संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुच्छेद 2(4) का उल्लंघन, युद्ध अपराध और अंतरराष्ट्रीय शांति, सुरक्षा और समुद्री व्यापार के लिए खतरा हैं।"